जयपुर में दुकानदार को ब्लैकमेल कर 5 लाख रुपए की मांग, वीडियो में देंखे एडिट फोटो वायरल करने की धमकी; 3 युवतियों पर केस
राजधानी जयपुर में एक दुकानदार को ब्लैकमेल कर 5 लाख रुपए मांगने का मामला सामने आया है। आरोप है कि तीन युवतियों ने दुकानदार की तस्वीरों का इस्तेमाल कर उसे झूठे छेड़छाड़ और रेप के मामले में फंसाने की धमकी दी। पैसे नहीं देने पर उसकी फोटो एडिट कर सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी दी गई। बाद में आरोपियों ने फर्जी इंस्टाग्राम अकाउंट बनाकर दुकानदार की एडिट की गई तस्वीरें पोस्ट कर दीं। मामले में पीड़ित दुकानदार ने शास्त्री नगर थाने में तीन युवतियों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस अब आरोपों की जांच के साथ ही युवतियों की भूमिका और सोशल मीडिया पर की गई पोस्ट से जुड़े तथ्यों की पड़ताल कर रही है।
ग्राहक बनकर दुकान पर आती थीं युवतियां
पुलिस के अनुसार भट्टाबस्ती इलाके में रहने वाले दुकानदार ने रिपोर्ट दर्ज कराई है। पीड़ित का कहना है कि तीन युवतियां उसकी दुकान पर खरीदारी के लिए आती-जाती थीं। ग्राहक होने के कारण उनकी दुकानदार से बातचीत होती रहती थी।शिकायत के मुताबिक कुछ समय बाद युवतियां दुकान पर काफी देर तक बैठकर बातचीत करने लगीं। इसी दौरान कथित तौर पर मौका पाकर वे दुकानदार के दो मोबाइल फोन चोरी कर ले गईं। आरोप है कि युवतियों ने अपने मोबाइल फोन से दुकानदार के साथ कुछ तस्वीरें भी खींच ली थीं।
मोबाइल मांगने पर फोटो वायरल करने की धमकी
दुकानदार को जब अपने मोबाइल फोन चोरी होने का पता चला तो उसने युवतियों से फोन वापस करने को कहा। आरोप है कि इसके बाद युवतियों ने तस्वीरों को एडिट कर सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देना शुरू कर दिया।शिकायत में दुकानदार ने आरोप लगाया कि युवतियों ने उसके खिलाफ झूठा छेड़छाड़ और रेप का मामला दर्ज कराने की धमकी दी। इसी धमकी के आधार पर उससे 5 लाख रुपए की मांग की जाने लगी।पीड़ित का कहना है कि उसने युवतियों को काफी समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे अपनी मांग पर अड़ी रहीं। आरोप है कि पैसे नहीं देने पर उसकी तस्वीरों को एडिट कर बदनाम करने की कोशिश शुरू कर दी गई।
फर्जी इंस्टाग्राम अकाउंट बनाकर फोटो पोस्ट करने का आरोप
मामले में सबसे गंभीर आरोप यह है कि युवतियों ने कथित तौर पर एक फेक इंस्टाग्राम अकाउंट बनाया और दुकानदार की एडिट की गई तस्वीरें उस पर पोस्ट कर दीं। पीड़ित के मुताबिक तस्वीरों का इस्तेमाल उसकी छवि खराब करने और उस पर दबाव बनाने के लिए किया गया।पुलिस अब फर्जी इंस्टाग्राम अकाउंट, पोस्ट की गई तस्वीरों और कथित धमकी से जुड़े डिजिटल साक्ष्यों की जांच कर रही है। साथ ही पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि दुकानदार के मोबाइल फोन चोरी होने और तस्वीरें खींचे जाने की घटना में तीनों युवतियों की क्या भूमिका थी।
पुलिस ने शुरू की जांच
शास्त्री नगर थाना पुलिस ने पीड़ित की शिकायत के आधार पर तीन युवतियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस आरोपों की पुष्टि के लिए उपलब्ध साक्ष्यों और डिजिटल रिकॉर्ड की जांच कर रही है।पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट होगी। फिलहाल ब्लैकमेलिंग, फोटो एडिट कर सोशल मीडिया पर पोस्ट करने और धमकी देने से जुड़े सभी पहलुओं को जांच में शामिल किया गया है। मामले में आरोपों की पुष्टि और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

