ई-कॉमर्स दवा व्यापार के विरोध में देशभर में हड़ताल, जयपुर में मिला-जुला असर; फिल्म कॉलोनी का होलसेल बाजार पूरी तरह बंद
दवाइयों के ई-कॉमर्स व्यापार के बढ़ते प्रभाव के विरोध में आज ऑल इंडिया ऑर्गेनाइजेशन ऑफ केमिस्ट्स एंड ड्रगिस्ट्स (AIOCD) के आह्वान पर देशभर में दवा दुकानों की हड़ताल देखने को मिली। इस आंदोलन के तहत मेडिकल स्टोर संचालकों ने ऑनलाइन फार्मेसी और बड़े कॉर्पोरेट प्लेटफॉर्म्स के खिलाफ विरोध दर्ज कराया।राजधानी जयपुर में इस बंद का असर मिला-जुला रहा। शहर के कुछ हिस्सों में मेडिकल स्टोर बंद रहे, जबकि कई रिटेल दवा दुकानों ने सामान्य रूप से अपने प्रतिष्ठान खुले रखे। इससे आमजन को कुछ स्थानों पर दवाइयों की उपलब्धता में असुविधा का सामना करना पड़ा, वहीं कुछ जगहों पर सेवाएं सामान्य रहीं।
वहीं दूसरी ओर जयपुर के प्रमुख होलसेल बाजार फिल्म कॉलोनी और चौड़ा रास्ता स्थित थोक दवा बाजार में पूरी तरह बंदी देखने को मिली। यहां के सभी व्यापारियों ने अपने प्रतिष्ठान और कारोबार बंद रखकर हड़ताल का समर्थन किया।राजस्थान केमिस्ट एलाइंस के अध्यक्ष अरविंद गुप्ता ने बताया कि प्रदेशभर में होलसेल व्यापारियों के साथ-साथ बड़ी संख्या में रिटेल दवा विक्रेताओं ने भी इस आंदोलन में भाग लिया। उन्होंने कहा कि जयपुर सहित पूरे राजस्थान में कई मेडिकल स्टोर संचालकों ने अपनी दुकानें बंद रखकर विरोध दर्ज कराया है।
अरविंद गुप्ता के अनुसार, फिल्म कॉलोनी स्थित जयपुर का सबसे बड़ा होलसेल दवा बाजार आज पूरी तरह बंद रहा, जो इस आंदोलन की व्यापकता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि यह विरोध मुख्य रूप से ऑनलाइन दवा बिक्री के बढ़ते दबदबे और पारंपरिक केमिस्ट व्यापार पर पड़ रहे असर को लेकर किया गया है।हालांकि, शहर के कुछ इलाकों में रिटेल मेडिकल स्टोर खुले रहने से आमजन को आंशिक राहत भी मिली। प्रशासन की ओर से यह सुनिश्चित किया गया कि इमरजेंसी दवाओं की सप्लाई और अस्पतालों से जुड़े मेडिकल स्टोर सामान्य रूप से कार्यरत रहें। इस हड़ताल को केमिस्ट संगठनों ने एक दिन का सांकेतिक विरोध बताया है, जिसका उद्देश्य सरकार का ध्यान उनकी मांगों की ओर आकर्षित करना है। वहीं उपभोक्ताओं को उम्मीद है कि आगे ऐसी स्थिति दोबारा न बने, जिससे जरूरी दवाओं की उपलब्धता प्रभावित हो।

