Samachar Nama
×

मानसून के बाद भी जारी बारिश, IMD ने 10-11 जनवरी के लिए कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया

मानसून के बाद भी जारी बारिश, IMD ने 10-11 जनवरी के लिए कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया

मानसून (Monsoon) के सीज़न में इस बार पिछले वर्षों की तुलना में अधिक बारिश हुई और पूरा सीज़न बेहद शानदार रहा। शुरुआती अनुमान यह था कि मानसून खत्म होने के बाद बारिश रुक जाएगी, लेकिन नया साल आने के बाद भी देश के कई राज्यों में अच्छी-खासी बारिश जारी है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि 2025 के बाद 2026 का वर्ष भी बारिश के लिहाज से शानदार रहने की संभावना रखता है।

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (India Meteorological Department – IMD) ने 10 और 11 जनवरी के लिए कई राज्यों में भारी बारिश (Heavy Rain) का अलर्ट जारी किया है। इसमें विशेष रूप से उत्तर भारत और मध्य भारत के कुछ हिस्से शामिल हैं। IMD ने कहा है कि इस दौरान लोग सावधानी बरतें और मौसम अपडेट पर नजर बनाए रखें।

मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून के बाद बारिश की यह अनियमित गतिविधि वातावरणीय बदलाव और दक्षिण-पश्चिमी मानसून अवशेष के कारण हो रही है। विशेषज्ञों के अनुसार, कुछ राज्यों में लगातार बारिश से किसानों और ग्रामीण क्षेत्रों में फसलों के लिए राहत मिल रही है, जबकि शहरों में जलजमाव और सड़क पर फिसलन जैसी समस्याएं देखने को मिल रही हैं।

हालांकि, कई राज्यों में अब शीतलहर (Cold Wave) चल रही है और ठंड कड़ाके की है। इस दौरान लोगों को गर्म कपड़े पहनने, जलपान और विशेष रूप से बुजुर्गों और बच्चों की देखभाल करने की सलाह दी जा रही है। विशेषज्ञों ने बताया कि शीतलहर और बारिश का यह संयोजन आने वाले दिनों में मौसम को और अप्रत्याशित बना सकता है।

IMD ने आगामी दो दिनों के लिए उत्तर, उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत के राज्यों में भारी बारिश के साथ वज्रपात और आंधी का भी खतरा बताया है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे खुले में न रहें, वाहन सावधानी से चलाएं और नदियों और नालों के पास जाने से बचें।

मौसम विभाग के अनुसार, 2026 के दौरान देश में मानसून के बाद भी बारिश का खेल जारी रह सकता है। कई हिस्सों में स्थानीय बर्फबारी और ओलों की गतिविधियां भी देखने को मिल सकती हैं, खासकर पहाड़ी इलाकों में। इस मौसम की विविधता किसानों और ग्रामीणों के लिए फायदेमंद रहेगी, लेकिन शहरों में बाढ़ और जलभराव जैसी चुनौतियां भी पैदा कर सकती है।

विशेषज्ञों का कहना है कि इस बार का मौसम समान्य से अधिक गतिशील और अनिश्चित है। इसलिए नागरिकों को मौसम अपडेट पर नजर रखनी चाहिए और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहना चाहिए।

इस प्रकार, 2025 के शानदार मानसून के बाद 2026 की शुरुआत भी बारिश और सर्दी की गतिविधियों से जीवंत बनी हुई है। देश के विभिन्न हिस्सों में IMD के अलर्ट और मौसम अपडेट लोगों की सुरक्षा और योजना बनाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं।

Share this story

Tags