जयपुर: सड़क पर कचरा फेंकने पर 10 हजार जुर्माना, चप्पे चप्पे पर CCTV की नजर, दो दिन में 2.57 लाख वसूले
जयपुर में शहर की सफाई और गंदगी पर लगाम लगाने के लिए प्रशासन ने कड़ा कदम उठाया है। शहर में सड़क पर कचरा फेंकने वालों पर 10 हजार रुपये का जुर्माना लगाया जा रहा है। प्रशासन ने यह भी सुनिश्चित किया है कि शहर के प्रमुख मार्गों और सार्वजनिक स्थलों पर कैमरों (CCTV) की निगरानी लगातार हो, ताकि नियमों का उल्लंघन करने वाले तुरंत पकड़े जा सकें।
पुलिस और नगर निगम अधिकारियों ने बताया कि इस नई कार्रवाई की शुरुआत दो दिन पहले हुई थी। इन दो दिनों में शहर के विभिन्न क्षेत्रों में सड़क पर कचरा फेंकने वालों से कुल 2.57 लाख रुपये वसूल किए गए हैं। अधिकारियों ने कहा कि यह रकम न केवल जुर्माने के रूप में वसूली गई, बल्कि यह लोगों को गंदगी और सार्वजनिक स्वच्छता के प्रति जागरूक करने का भी एक प्रयास है।
नगर निगम अधिकारी ने बताया, “हमने शहर के विभिन्न हिस्सों में सीसीटीवी कैमरे लगाए हैं। ये कैमरे सार्वजनिक स्थलों और मुख्य मार्गों पर निगरानी कर रहे हैं। जो भी व्यक्ति नियम तोड़ेगा, उसका रिकॉर्ड तुरंत बनाया जाएगा और जुर्माना लगाया जाएगा। हमारी प्राथमिकता शहर को स्वच्छ और सुरक्षित बनाना है।”
स्थानीय नागरिक इस पहल को सराह रहे हैं। कई लोगों ने कहा कि पहले कई क्षेत्रों में कचरा फेंकने वालों पर कोई नियंत्रण नहीं था, जिससे सफाई की स्थिति बिगड़ रही थी। “अब प्रशासन ने कदम बढ़ाया है और जुर्माना भी कड़ा रखा गया है। इससे लोग सोच-समझकर ही कचरा फेंकेंगे और शहर साफ रहेगा,” एक स्थानीय निवासी ने कहा।
विशेषज्ञों का कहना है कि शहरों में इस तरह की निगरानी और जुर्माने का प्रभावी परिणाम देखने को मिलता है। केवल जुर्माना लगाने से नहीं, बल्कि लोगों को लगातार सचेत करने और नियम तोड़ने वालों के खिलाफ तुरंत कार्रवाई करने से ही शहरी स्वच्छता में सुधार आता है। उन्होंने प्रशासन की इस पहल को शहर की स्वच्छता को बनाए रखने के लिए एक सकारात्मक कदम बताया।
अधिकारी यह भी बता रहे हैं कि भविष्य में यह निगरानी और जुर्माना प्रक्रिया और कड़ी की जाएगी। नए सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे और विशेष अभियान चलाए जाएंगे ताकि लोग सार्वजनिक स्थानों पर कचरा फेंकने से बचें। उन्होंने चेतावनी दी है कि नियम तोड़ने वालों के खिलाफ कोई ढील नहीं होगी और जुर्माना बढ़ाया भी जा सकता है।
इस पहल ने जयपुर में साफ-सफाई और सार्वजनिक स्वच्छता के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ा दी है। नागरिक अब स्वयं भी सफाई बनाए रखने में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। प्रशासन का कहना है कि केवल जुर्माने के जरिये ही नहीं, बल्कि नागरिकों के सहयोग और तकनीकी निगरानी के माध्यम से ही शहर को स्वच्छ और सुरक्षित रखा जा सकता है।
जयपुर में इस पहल से यह संदेश स्पष्ट हो गया है कि सार्वजनिक स्वच्छता में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सीसीटीवी निगरानी और कड़े जुर्माने के जरिए प्रशासन ने यह सुनिश्चित किया है कि शहर का हर कोना साफ और स्वस्थ रहे।

