जयपुर में मकर संक्रांति की शाम हवाई फायरिंग, वीडियो में देखें छत पर आकर गिरी गोली, युवक बाल-बाल बचा
जयपुर में मकर संक्रांति पर्व की खुशियों के बीच एक गंभीर और चिंताजनक मामला सामने आया है। शास्त्री नगर इलाके में बुधवार शाम को हवाई फायरिंग की घटना हुई, जिसमें एक गोली मकान की छत पर आकर गिरी। छत पर मौजूद युवक के हाथ को छूते हुए गोली निकल गई, जिससे उसे मामूली चोट आई। गनीमत यह रही कि गोली किसी के शरीर में नहीं लगी, अन्यथा बड़ा हादसा हो सकता था।
घटना की सूचना मिलते ही शास्त्री नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लैब) टीम को बुलाकर घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने छत से गोली बरामद कर उसे जब्त कर लिया है और मामले की गहन जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि गोली कहां से और किसने चलाई।
पुलिस के अनुसार, यह घटना शास्त्री नगर थाना क्षेत्र की राणा कॉलोनी की है। यहां अशोक योगी अपने मकान में रहते हैं। बुधवार शाम करीब 6 बजे अशोक योगी घर की छत पर बैठे हुए थे। इसी दौरान मकर संक्रांति पर्व के चलते आसपास के इलाकों में आतिशबाजी शुरू हो गई थी और धीरे-धीरे हल्का अंधेरा भी हो चुका था।
अचानक आसमान की ओर से एक वस्तु तेजी से आकर अशोक योगी के हाथ को छूती हुई छत पर आ गिरी। पहले तो उन्हें समझ नहीं आया कि क्या हुआ, लेकिन हाथ में हल्की चोट लगने पर जब उन्होंने ध्यान दिया तो छत पर एक गोली पड़ी हुई मिली। इससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और तुरंत पुलिस को सूचना दी गई।
प्राथमिक जांच में सामने आया है कि यह मामला हवाई फायरिंग का हो सकता है। पुलिस आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि उस समय आसपास किसी समारोह या छत पर फायरिंग की गई थी या नहीं। साथ ही, पुलिस अवैध हथियारों के इस्तेमाल की आशंका को भी खंगाल रही है।
घटना के बाद इलाके के लोगों में दहशत का माहौल है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि त्योहारों के दौरान कुछ लोग खुशी में कानून को ताक पर रखकर हवाई फायरिंग करते हैं, जो आम लोगों की जान के लिए खतरा बन जाती है। यदि गोली किसी बच्चे या महिला को लग जाती, तो स्थिति और भी भयावह हो सकती थी।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इस तरह की हवाई फायरिंग पूरी तरह अवैध है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि त्योहारों को जिम्मेदारी और कानून के दायरे में रहकर मनाएं। मकर संक्रांति जैसे पर्व खुशियों का संदेश देते हैं, लेकिन थोड़ी सी लापरवाही या गैरकानूनी हरकत किसी की जान पर भारी पड़ सकती है।

