जयपुर एयरपोर्ट पर कार्गो स्कैनिंग में नोटों के बीच मिला बैटरीनुमा डिवाइस, फुटेज मे देखें सुरक्षा एजेंसियों में मची खलबली, जांच में जुटी एटीएस
जयपुर एयरपोर्ट के डोमेस्टिक कार्गो टर्मिनल पर मंगलवार को स्कैनिंग के दौरान एक संदिग्ध पार्सल मिलने से हड़कंप मच गया। जानकारी के अनुसार, पार्सल की स्कैन स्क्रीन पर नोटों की गड्डियों के बीच बैटरी जैसी इलेक्ट्रॉनिक वस्तु दिखाई दी, जिसके बाद सुरक्षा एजेंसियों को तुरंत अलर्ट कर दिया गया।
सूत्रों ने बताया कि यह पार्सल जयपुर से हैदराबाद के लिए इंडिगो कार्गो में बुक किया गया था। पार्सल में मिली इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस संदिग्ध होने के कारण सीआईएसएफ की टीम ने तत्काल इसे जब्त कर सुरक्षित स्थान पर रख दिया। इस कार्रवाई के दौरान पूरे कार्गो स्कैनिंग क्षेत्र को घेराबंदी कर कर्मचारियों और अन्य व्यक्तियों की आवाजाही सीमित कर दी गई।
सुरक्षा अधिकारीयों ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए संबंधित यूनिट्स और वरिष्ठ अधिकारियों को सूचित कर दिया गया है। प्रारंभिक जांच में पार्सल की पहचान और इसके अंदर मौजूद इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस के उद्देश्य का पता लगाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
सीआईएसएफ ने कहा कि स्कैनिंग के दौरान मिली किसी भी संदिग्ध वस्तु को लेकर सुरक्षा नियमों का पालन करना अनिवार्य है। इस घटना के दौरान सभी कर्मचारियों और एयरपोर्ट स्टाफ को सुरक्षा के लिए अस्थायी बंदिशों और आवश्यक निर्देशों के तहत रखा गया।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के मामलों में कार्गो सुरक्षा और स्कैनिंग प्रक्रियाओं की प्रभावशीलता सामने आती है। जयपुर एयरपोर्ट पर कार्गो पार्सल की नियमित और सख्त जांच ही इस तरह की घटनाओं में किसी भी संभावित खतरे को रोकने में मदद करती है।
एयरपोर्ट प्रशासन ने यात्रियों और कार्गो उपयोगकर्ताओं से अपील की है कि वे किसी भी पार्सल में संदिग्ध वस्तु रखने से बचें और यदि किसी पार्सल में असामान्य वस्तु दिखे तो तुरंत संबंधित अधिकारियों को सूचित करें। उन्होंने कहा कि किसी भी अप्रत्याशित स्थिति में कर्मचारियों को सुरक्षा नियमों का पालन करते हुए तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए।
इस घटना से जयपुर एयरपोर्ट के सुरक्षा उपायों की दक्षता उजागर हुई है। प्रारंभिक तौर पर किसी को नुकसान नहीं हुआ और संदिग्ध पार्सल को सुरक्षित स्थान पर रखकर आगे की जांच के लिए संबंधित एजेंसियों को सौंप दिया गया है।
पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां पार्सल की जांच कर रही हैं और इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस की प्रकृति का पता लगाने के लिए विशेषज्ञों को तैनात किया गया है। अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि जांच पूरी होने तक कोई जोखिम नहीं लिया जाएगा और सभी सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन किया जाएगा।
जयपुर एयरपोर्ट प्रशासन ने कहा कि इस घटना से एयरपोर्ट पर कार्गो सुरक्षा और निगरानी को और मजबूत किया जाएगा, ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की संदिग्ध वस्तु या खतरे की संभावना को समय रहते रोका जा सके।

