भरतपुर में शिक्षकों का विरोध: जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के बाहर ‘सद्बुद्धि यज्ञ’, वीडियो में जाने गर्मियों की छुट्टियों में कटौती पर नाराजगी
राजस्थान के Bharatpur district में शुक्रवार को शिक्षा विभाग के खिलाफ शिक्षकों ने अनोखा विरोध प्रदर्शन किया। जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के बाहर शिक्षकों ने शिक्षा मंत्री की “सद्बुद्धि” के लिए यज्ञ किया और सरकार के फैसलों पर नाराजगी जताई। शिक्षकों का विरोध मुख्य रूप से गर्मियों की छुट्टियों में की गई कटौती और नए शिक्षा सत्र को बिना व्यापक सहमति के शुरू करने के फैसले को लेकर है। प्रदर्शनकारी शिक्षकों का कहना है कि यह निर्णय बिना किसी शिक्षक संगठन से चर्चा किए लिया गया है, जिससे शिक्षण समुदाय में असंतोष बढ़ा है।
प्रदर्शन के दौरान शिक्षकों ने सरकार से मांग की कि गर्मियों की छुट्टियों में की गई कटौती के आदेश को तुरंत रोका जाए। उनका कहना है कि लंबे समय से चली आ रही परंपरागत अवकाश व्यवस्था में बदलाव से शिक्षकों की कार्य-जीवन संतुलन पर असर पड़ रहा है।टीचर कृष्ण सिंह बैसला ने बताया कि राजस्थान शिक्षक संघ पिछले एक महीने से अनशन कर रहा है। उनका आरोप है कि सरकार ने न केवल छुट्टियों में कटौती की है, बल्कि नए शिक्षा सत्र को भी एकतरफा तरीके से लागू कर दिया है, जिससे शिक्षक वर्ग में असंतोष बढ़ा है।
शिक्षकों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया तो वे शिक्षा मंत्री के खिलाफ और व्यापक विरोध प्रदर्शन शुरू करेंगे। उनका कहना है कि यह आंदोलन तब तक जारी रहेगा जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं।इस पूरे घटनाक्रम के दौरान जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के बाहर काफी संख्या में शिक्षक मौजूद रहे और उन्होंने शांतिपूर्ण तरीके से अपना विरोध दर्ज कराया।
फिलहाल प्रशासन की ओर से इस प्रदर्शन पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। लेकिन इस मुद्दे ने शिक्षा विभाग और शिक्षक संगठनों के बीच टकराव की स्थिति को और बढ़ा दिया है।शिक्षकों का यह आंदोलन अब राज्य स्तर पर चर्चा का विषय बनता जा रहा है, और आने वाले दिनों में इसके और तेज होने की संभावना जताई जा रही है।

