Samachar Nama
×

Bhagalpur शौचालय बने पर देखभाल व संचालन व्यवस्था नहीं, दस साल में 10 करोड़ से अधिक खर्च किए शौचालय निर्माण पर
 

Bhagalpur शौचालय बने पर देखभाल व संचालन व्यवस्था नहीं, दस साल में 10 करोड़ से अधिक खर्च किए शौचालय निर्माण पर


बिहार न्यूज़ डेस्क  शहर में सार्वजनिक शौचालयों का बुरा हाल है. कुछ शौचालय निर्माण के बाद से ही बंद हैं तो कुछ मेंटेनेंस के अभाव में दो-चार माह के अंदर ठप हो गए. ऐसे में सवाल उठता जिस शहर में औसतन लाख लोग प्रतिदिन आते जाते हैं उन्हें राह चलते शौच की जरूरत हुई तो कहां जाएंगे? ऐसा नहीं कि नगर निगम ने शौचालय नहीं बनाया. पिछले दस साल में कई शौचालय बनाए गए और लगातार उसकी मरम्मत भी की गई. दस साल में लगभग 10 करोड़ खर्च तो कर दिए गए लेकिन मेंटेनेंस और संचालन की व्यवस्था कहीं नहीं की गई.
शहर में पहले हाईटेक शौचालय बनाए गए. जब स्मार्ट सिटी की घोषणा हुई तो अंग्रेजी नाम से 30 स्मार्ट यूरिनल और 10 बायो टॉयलेट बने. यूरिनल में पानी की सुविधा नहीं थी इसलिए सफाई के लिए जेट मशीन खरीदी गई लेकिन जबतक यह मशीन आयी तबतक आधे से अधिक यूरिनल के ईपीसी बोर्ड, दरवाजा, डोर क्लोजर उखाड़ चुके थे. निगम के अफसरों और जिम्मेदार कर्मियों को रत्ती भर चिंता नहीं हुई.

शौचालय का शुल्क तय लेकिन ढंग से सफाई नहीं कोतवाली चौक स्थित शौचालय के अंदर जाने पर पूरी गंदगी है. 15 यूनिट वाले इस शौचालय में चार महिलाओं के लिए बनाये गए हैं. शौचालय इस्तेमाल करने के लिए 5 रुपए शुल्क भी निर्धारित किये गए हैं. केयर टेकर ने बताया कि सुबह नगर निगम में हाजिरी बनाने के बाद कर्मचारी सफाई के लिए आते हैं. इसलिए अभी गंदगी दिख रही है. लेकिन नगर निगम से इसका टेंडर ही नहीं हुआ है.
जिला स्कूल रोड बनने के बाद कभी चला ही नहीं
दूसरा हाईटेक शौचालय जिला स्कूल रोड में भी करीब सात साल पहले बना. जब से निर्माण हुआ तब से इसमें ताला लगा है. इसके संचालन के लिए न तो टेंडर हुआ है न ही नगर निगम से कोई कर्मचारी तैनात हुआ है. जबकि वहां एक कर्मचारी के लिए कमरा भी बनाया गया था.
मायागंज कई साल पहले बना, हुआ खंडहर
मायागंज रोड खंजरपुर में पहले हाईटेक शौचालय बना. 6 लाख 92 हजार की लागत से बने इस शौचालय का न तो इस्तेमाल हो रहा है न ही कोई मेंटेनेंस हो रहा है. बोरिंग फेल हो चुके हैं, शौचालय में पानी की सप्लाई नहीं है. दरवाजे टूट गए हैं तो चौखट ने दीवार का साथ छोड़ दिया है.
बरारी थाना रोड पाइप है शौचालय में पानी नहीं
बरारी थाना जाने वाली सड़क पर सामुदायिक भवन के पीछे भी एक हाइटेक शौचालय है. बंद है. स्थानीय लोग बताते हैं कि बनने के बाद 2-4 महीने तक चला. लेकिन इसके बाद से बंद है. बोरिंग से पानी ही नहीं निकलता.
तिलकामांझी शौचालय बंद, गुमटी लग गई
तिलकामांझी चौक पिर बायो टॉयलेट बनाया गया था. जब सीएम भागलपुर प्रवास पर थे तब यह बायो टॉयलेट शहर में पहला था. अब इस शौचालय का नामोनिशान मिट गया. वहीं आदमपुर चौक पर सीएमएस स्कूल के सामने बना था, वह भी हटा दिया गया.
शहर के सभी पब्लिक टॉयलेट की स्थिति सुधरेगी. सभी की एक साथ रिपेयरिंग कर उसके संचालन के लिए टेंडर किया जाएगा.
डा. योगेश कुमार सागर, नगर आयुक्त.

भागलपुर न्यूज़ डेस्क
 

Share this story