अजमेर में जमीनी विवाद ने लिया हिंसक रूप, फुटेज में देखें हाथीखेड़ा गांव में एक परिवार पर जानलेवा हमला, दर्जनभर से अधिक घायल
राजस्थान के अजमेर जिले में जमीनी विवाद को लेकर हिंसा का सनसनीखेज मामला सामने आया है। हरिभाऊ उपाध्याय नगर थाना क्षेत्र के हाथीखेड़ा गांव में 10 से 12 बदमाशों ने एक ही परिवार पर जानलेवा हमला कर दिया। हमलावर कुल्हाड़ी, लाठी, डंडों और पत्थरों से लैस थे। अचानक हुए इस हमले में परिवार के करीब एक दर्जन से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी घायलों को उपचार के लिए अजमेर के जवाहरलाल नेहरू (जेएलएन) अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है।
घटना का वीडियो भी सामने आया है, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि किस तरह हमलावर बेरहमी से परिवार के सदस्यों पर हमला कर रहे हैं। चीख-पुकार और अफरा-तफरी के बीच महिलाएं और बुजुर्ग खुद को बचाने की कोशिश करते नजर आ रहे हैं। इस घटना से पूरे इलाके में दहशत का माहौल बन गया है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हाथीखेड़ा गांव में लंबे समय से दो पक्षों के बीच जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। गुरुवार को यह विवाद अचानक हिंसक हो गया। आरोप है कि एक पक्ष के 10 से 12 लोग हथियारों के साथ दूसरे पक्ष के घर पहुंचे और बिना किसी चेतावनी के हमला कर दिया। हमलावरों ने घर में घुसकर भी तोड़फोड़ की और पत्थरबाजी की, जिससे कई लोग घायल हो गए।
घटना की सूचना मिलते ही हरिभाऊ उपाध्याय नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को काबू में लिया। पुलिस ने सभी घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया। घायलों में पुरुषों के साथ महिलाएं भी शामिल हैं, जिनमें से कुछ की हालत गंभीर बताई जा रही है। डॉक्टरों की टीम उनका इलाज कर रही है और कुछ घायलों को विशेष निगरानी में रखा गया है।
हरिभाऊ उपाध्याय नगर थाना प्रभारी महावीर शर्मा ने बताया कि हाथीखेड़ा गांव में विवाद की सूचना मिलने पर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची थी। प्रारंभिक जांच में मामला जमीनी विवाद से जुड़ा प्रतीत हो रहा है। उन्होंने कहा कि फिलहाल घायलों का अस्पताल में इलाज जारी है और पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। थाना प्रभारी ने यह भी स्पष्ट किया कि पीड़ित पक्ष की ओर से शिकायत मिलने पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस वायरल वीडियो की भी जांच कर रही है ताकि हमलावरों की पहचान की जा सके। प्रारंभिक तौर पर कुछ संदिग्धों को चिन्हित किया गया है और उनसे पूछताछ की तैयारी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि कानून व्यवस्था भंग करने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।
घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है। एहतियातन पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि किसी भी तरह की दोबारा हिंसा को रोका जा सके। प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। वहीं, इस घटना ने एक बार फिर जमीनी विवादों को लेकर बढ़ती हिंसा पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

