बाजार में रिकॉर्ड तेजी: सोना इस साल ₹20 हजार तक बढ़ा, चांदी ₹2.34 लाख किलो पर पहुंची
सोने और चांदी की कीमतों में आज यानी 8 सितंबर को एक बार फिर तेजी देखने को मिली है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के मुताबिक, 24 कैरेट सोने का भाव 10 ग्राम पर 374 रुपए बढ़ा है। इसके बाद इसकी कीमत बढ़कर करीब 1.53 लाख रुपए हो गई है।
इसी तरह चांदी भी महंगी हुई है। आज एक किलो चांदी का भाव 2,176 रुपए बढ़कर करीब 2.34 लाख रुपए पहुंच गया है।
अलग-अलग शहरों में क्यों बदल जाता है सोने का भाव?
देश के अलग-अलग शहरों में सोने की कीमत एक जैसी नहीं होती। इसके पीछे कई स्थानीय कारण जिम्मेदार होते हैं। प्रमुख वजहें इस प्रकार हैं:
- ट्रांसपोर्ट और सुरक्षा खर्च: एक शहर से दूसरे शहर सोना पहुंचाने में परिवहन के साथ सुरक्षा का खर्च भी जुड़ता है। दूरी और लॉजिस्टिक्स का खर्च बढ़ने पर कीमत पर भी असर पड़ सकता है।
- स्थानीय मांग और खरीदारी: जिन क्षेत्रों में सोने की मांग अधिक होती है, वहां ज्वेलर्स बड़े स्तर पर खरीदारी करते हैं। दक्षिण भारत में सोने की खपत काफी ज्यादा है, जिससे स्थानीय बाजार के रेट प्रभावित होते हैं।
- स्थानीय ज्वेलरी एसोसिएशन: अलग-अलग राज्यों और शहरों में ज्वेलरी एसोसिएशन स्थानीय मांग और सप्लाई को ध्यान में रखते हुए कीमतों को प्रभावित करते हैं।
- ज्वेलर्स का पुराना स्टॉक: दुकानदार ने सोना किस कीमत पर खरीदा था, इसका असर भी बिक्री मूल्य पर पड़ता है। पुराने स्टॉक की खरीद कीमत के आधार पर ज्वेलर्स अपना रेट तय कर सकते हैं।
2026 में सोना करीब 19 हजार रुपए महंगा
साल 2026 में सोने की कीमत में बड़ी तेजी देखने को मिली है। 31 दिसंबर 2025 को 10 ग्राम 24 कैरेट सोने का भाव करीब 1.33 लाख रुपए था। अब यह बढ़कर लगभग 1.53 लाख रुपए हो चुका है। यानी इस साल अब तक सोने की कीमत में करीब 19 हजार रुपए की बढ़ोतरी हो चुकी है।
चांदी की बात करें तो 31 दिसंबर 2025 को एक किलो चांदी करीब 2.30 लाख रुपए थी, जो अब बढ़कर 2.34 लाख रुपए के आसपास पहुंच गई है।
इस साल सोने और चांदी दोनों ने ऊंचे स्तर बनाए हैं। 29 जनवरी को सोने का भाव करीब 1.76 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम और चांदी का भाव करीब 3.86 लाख रुपए प्रति किलो के रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गया था।
ज्वेलरी खरीदते समय इन 3 बातों का रखें ध्यान
1. BIS हॉलमार्क वाला सोना ही खरीदें
सोना खरीदते समय हमेशा BIS हॉलमार्क वाली ज्वेलरी को प्राथमिकता दें। हॉलमार्क से सोने की शुद्धता और कैरेट की जानकारी मिलती है। हॉलमार्क पर अल्फान्यूमेरिक कोड भी दर्ज होता है, जिससे इसकी पहचान की जा सकती है।
2. सोने का रेट और वजन जरूर जांचें
ज्वेलरी खरीदने से पहले सोने के वजन और उस दिन के बाजार भाव को अच्छी तरह क्रॉस चेक करें। 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट सोने के रेट अलग-अलग होते हैं। इसलिए बिल बनवाने से पहले कैरेट और वजन की पुष्टि जरूर करें।
3. मेकिंग चार्ज पर बातचीत करें
ज्वेलरी की कीमत में मेकिंग चार्ज भी शामिल होता है। यह शुल्क हर ज्वेलर के यहां अलग हो सकता है और कई मामलों में इस पर बातचीत की गुंजाइश रहती है। खरीदारी से पहले मेकिंग चार्ज या लेबर कॉस्ट का पूरा ब्रेकअप मांगें। बड़ी खरीदारी पर ज्वेलर से इसमें छूट के लिए बातचीत भी की जा सकती है।

