BMW Dream Car: 100 दिन में BMW खरीदने का सपना कैसे बनाएं प्लान? जानें 4 फाइनेंशियल टिप्स
हर किसी का सपना होता है कि जब कमाई अच्छी हो जाए तो अपनी पसंद की एक लग्जरी कार खरीदी जाए. BMW जैसी प्रीमियम कार कई लोगों की ड्रीम कार होती है, लेकिन इसकी कीमत देखकर ज्यादातर लोग खरीदारी का फैसला टाल देते हैं. हालांकि, अगर पहले से वित्तीय योजना बनाई जाए तो कार खरीदने के लिए जरूरी डाउन पेमेंट का फंड तैयार किया जा सकता है.
यहां समझने वाली बात यह है कि 100 दिनों में पूरी BMW की कीमत जुटाना हर व्यक्ति के लिए संभव नहीं है. यह पूरी तरह आपकी आय, बचत, मौजूदा निवेश और खर्चों पर निर्भर करता है. लेकिन 100 दिनों को एक निश्चित वित्तीय लक्ष्य मानकर डाउन पेमेंट के लिए फंड तैयार करने की योजना बनाई जा सकती है.
पहले तय करें कितना पैसा जुटाना है
लग्जरी कार खरीदने की योजना बनाने का पहला कदम पूरी कीमत के बजाय शुरुआती लक्ष्य तय करना है. उदाहरण के तौर पर अगर किसी BMW मॉडल की ऑन-रोड कीमत करीब 50-55 लाख रुपये मानें, तो 20 फीसदी डाउन पेमेंट का लक्ष्य लगभग 10-11 लाख रुपये हो सकता है.
हालांकि, वास्तविक डाउन पेमेंट मॉडल, लोन, बैंक और डीलर की शर्तों के आधार पर अलग-अलग हो सकती है. इसलिए कार खरीदने से पहले कीमत और फाइनेंसिंग की पूरी गणना करना जरूरी है.
अगर 10 लाख रुपये का लक्ष्य 100 दिनों में हासिल करना है तो औसतन करीब 10,000 रुपये प्रतिदिन अलग रखने होंगे. इतनी बड़ी रकम बचाना हर व्यक्ति के लिए संभव नहीं होता, इसलिए आय और मौजूदा बचत को ध्यान में रखकर लक्ष्य तय करना बेहतर है.
साइड इनकम से बढ़ाएं सेविंग
अगर आपकी नियमित सैलरी से बड़ी रकम बचाना मुश्किल है तो अतिरिक्त आय का विकल्प तलाशा जा सकता है. आज के समय में फ्रीलांसिंग, डिजिटल मार्केटिंग, डिजाइनिंग, कंटेंट, आईटी कंसल्टिंग, सेल्स और अन्य स्किल-बेस्ड कामों के जरिए अतिरिक्त कमाई की जा सकती है.
अगर आपके पास पहले से कोई प्रोफेशनल स्किल है तो 100 दिनों के लिए पार्ट-टाइम प्रोजेक्ट या फ्रीलांस काम लिया जा सकता है. इससे होने वाली अतिरिक्त आय को सीधे कार के डाउन पेमेंट फंड में रखा जा सकता है.
हालांकि, सिर्फ कार खरीदने के लिए बिना अनुभव के किसी हाई-रिस्क बिजनेस या जल्दी पैसा कमाने वाली स्कीम में पैसा लगाना समझदारी नहीं होगी.
पुराने निवेश और एसेट्स की समीक्षा करें
100 दिन का लक्ष्य बनाने से पहले अपनी मौजूदा वित्तीय स्थिति की समीक्षा करना भी जरूरी है. बैंक बैलेंस, एफडी, म्यूचुअल फंड, शेयर और अन्य निवेशों की सूची बनाएं और देखें कि वास्तव में कितनी रकम उपलब्ध है.
कुछ ऐसे एसेट्स भी हो सकते हैं जिनकी आपको तत्काल जरूरत नहीं है. लेकिन निवेश बेचने से पहले टैक्स, एग्जिट लोड, बाजार की स्थिति और भविष्य के वित्तीय लक्ष्य को ध्यान में रखना जरूरी है.
खासकर शेयर बाजार या इक्विटी म्यूचुअल फंड में सिर्फ कार खरीदने के लिए जल्दबाजी में निवेश बेचने का फैसला नहीं करना चाहिए. अगर रकम की जरूरत निश्चित तारीख पर है तो ज्यादा जोखिम वाले निवेश पर निर्भर रहने के बजाय सुरक्षित और आसानी से उपलब्ध फंड को प्राथमिकता देना बेहतर हो सकता है.
100 दिन का बजट डिटॉक्स करें
अगर डाउन पेमेंट के लिए तेजी से रकम जुटानी है तो कुछ समय के लिए गैर-जरूरी खर्चों को कम किया जा सकता है. उदाहरण के तौर पर महंगे रेस्टोरेंट, अनावश्यक ऑनलाइन शॉपिंग, मनोरंजन और गैर-जरूरी यात्राओं पर होने वाले खर्च को 100 दिनों के लिए नियंत्रित किया जा सकता है.
इस दौरान बचने वाली रकम को अलग खाते में ट्रांसफर करने की आदत बनाएं. इससे कार फंड और रोजमर्रा के खर्च का पैसा अलग रहेगा और लक्ष्य पर नजर बनाए रखना आसान होगा.
सिर्फ डाउन पेमेंट नहीं, EMI भी समझें
BMW जैसी लग्जरी कार खरीदने से पहले सिर्फ डाउन पेमेंट जुटाना पर्याप्त नहीं है. कार खरीदने के बाद EMI, इंश्योरेंस, सर्विस, ईंधन, टायर और अन्य मेंटेनेंस खर्च भी आपकी नियमित आय का हिस्सा बन जाएंगे.
इसलिए कार खरीदने से पहले यह गणना करें कि हर महीने की EMI आपकी आय के मुकाबले कितनी होगी. इसके साथ ही इमरजेंसी फंड और दूसरे जरूरी वित्तीय लक्ष्यों से समझौता न हो, इसका भी ध्यान रखना चाहिए.
100 दिन का लक्ष्य तभी बनाएं जब बजट साथ दे
100 दिनों में BMW के डाउन पेमेंट के लिए फंड तैयार करने का प्लान बनाया जा सकता है, लेकिन यह कोई गारंटीड फॉर्मूला नहीं है. सबसे जरूरी है कि कार की कीमत के साथ अपनी आय, बचत, मौजूदा कर्ज और भविष्य के खर्चों को भी ध्यान में रखा जाए.
अगर डाउन पेमेंट जुटाने के लिए अत्यधिक कर्ज लेना पड़े या जरूरी बचत खत्म करनी पड़े, तो कार खरीदने का फैसला टालकर पहले वित्तीय स्थिति मजबूत करना ज्यादा व्यावहारिक हो सकता है.

