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खाड़ी संकट का असर हज यात्रा पर, जेट ईंधन महंगा होने से बढ़ी लागत, वीडियो में देंखे हज यात्रियों से अतिरिक्त शुल्क की मांग

 

ईरान-अमेरिका तनाव के चलते खाड़ी क्षेत्र में बने भू-राजनीतिक संकट का असर अब हज यात्रा पर भी साफ दिखाई देने लगा है। जेट ईंधन (एविएशन फ्यूल) की कीमतों में बढ़ोतरी के कारण अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का खर्च बढ़ गया है, जिसका सीधा असर हज यात्रा की कुल लागत पर पड़ा है।इसी स्थिति को देखते हुए हज कमेटी ऑफ इंडिया ने देशभर के हज यात्रियों से अतिरिक्त राशि जमा कराने के निर्देश जारी किए हैं। नए आदेश के अनुसार प्रत्येक यात्री को लगभग 100 अमेरिकी डॉलर, यानी करीब 10 हजार रुपये अतिरिक्त देने होंगे। यह निर्णय बढ़ते हवाई किराए और संचालन लागत को संतुलित करने के लिए लिया गया है।

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इस फैसले का सीधा असर राजस्थान के हज यात्रियों पर भी पड़ा है। राज्य के कुल 4,572 हज यात्रियों को अब सामूहिक रूप से लगभग साढ़े 4 करोड़ रुपये अतिरिक्त जमा कराने होंगे। यह अतिरिक्त राशि 15 मई तक जमा करनी होगी, जिससे यात्रियों पर आर्थिक बोझ बढ़ गया है।यह स्थिति ऐसे समय में आई है जब हज यात्रा पहले ही शुरू हो चुकी है और देशभर से यात्रियों की रवानगी जारी है। हज यात्रा शुरू हुए लगभग 10 दिन हो चुके हैं और विभिन्न राज्यों से हाजियों का मक्का-मदीना के लिए प्रस्थान लगातार जारी है।

यात्रा लागत में अचानक हुई इस बढ़ोतरी से कई यात्रियों और उनके परिजनों में चिंता का माहौल है। हालांकि हज कमेटी का कहना है कि यह निर्णय अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों और विमानन ईंधन की बढ़ती कीमतों को देखते हुए मजबूरी में लिया गया है।जानकारों के अनुसार, खाड़ी क्षेत्र में तनाव बढ़ने से वैश्विक ऊर्जा बाजार पर दबाव बना है, जिससे एयरलाइंस की परिचालन लागत बढ़ गई है। इसका असर सीधे अंतरराष्ट्रीय धार्मिक यात्राओं पर पड़ रहा है, खासकर हज जैसी बड़ी यात्राओं पर जहां लाखों यात्री एक साथ यात्रा करते हैं।

हज कमेटी ने यात्रियों से अपील की है कि वे निर्धारित समय सीमा के भीतर अतिरिक्त राशि जमा कर दें, ताकि उनकी यात्रा में किसी तरह की बाधा न आए। साथ ही व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए सभी संबंधित एजेंसियों को निर्देश दिए गए हैं। फिलहाल इस बढ़ी हुई लागत ने हज यात्रा की योजना बनाने वाले हजारों श्रद्धालुओं के बजट पर असर डाला है, और आने वाले समय में अंतरराष्ट्रीय हालात पर निर्भर करेगा कि यह खर्च आगे स्थिर रहता है या और बढ़ता है।