Flight FZ1073 Attack: भारतीय पायलट स्मित मछार की बहादुरी की नेतन्याहू ने की तारीफ, 174 यात्रियों की बची जान
दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लायदुबई की फ्लाइट में हुए कथित हमले के दौरान भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मछार की भूमिका की इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने तारीफ की है। नेतन्याहू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर उन्हें बहादुर और सच्चा हीरो बताया। उनके मुताबिक, गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद कैप्टन स्मित ने हालात का सामना किया और कॉकपिट तक पहुंचने में मदद की।
रिपोर्ट के अनुसार, फ्लाइट FZ1073 में उड़ान के दौरान को-पायलट ने कथित तौर पर कैप्टन स्मित पर चाकू से हमला किया और विमान को नियंत्रित करने की कोशिश की। संघर्ष के दौरान विमान की ऊंचाई में भी अचानक बदलाव आया। बाद में यात्रियों और क्रू की मदद से हमलावर को काबू किया गया और विमान की आपात लैंडिंग कराई गई।
नेतन्याहू ने बताया कैसे टली बड़ी घटना
इजरायली प्रधानमंत्री के मुताबिक, घायल होने के बावजूद कैप्टन स्मित ने कॉकपिट का दरवाजा खोलने में मदद की। इसके बाद यात्रियों और क्रू ने हमलावर को नियंत्रित किया। नेतन्याहू ने दावा किया कि इस कार्रवाई से विमान में मौजूद 174 लोगों की जान बची, जिनमें इजरायली नागरिकों के अलावा अन्य देशों के यात्री भी शामिल थे।
ट्रम्प ने भी भारतीय पायलट की बहादुरी का किया जिक्र
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने भी घटना का जिक्र करते हुए कैप्टन स्मित की तारीफ की। उनके मुताबिक, घायल होने के बावजूद पायलट ने कॉकपिट का दरवाजा खोलकर मदद मांगी। इसके बाद एक यात्री कॉकपिट में पहुंचा और कथित हमलावर को पीछे हटाने में मदद की।
ट्रम्प ने उस यात्री को प्लंबर बताया और कहा कि उसने विमानन से जुड़ी कुछ बातें टीवी कार्यक्रम ‘एयर डिजास्टर्स’ देखकर सीखी थीं। हालांकि, ट्रम्प ने यह भी स्पष्ट किया कि उन्हें यह जानकारी नेतन्याहू और अन्य सूत्रों से मिली है और वह स्वयं इसकी पुष्टि नहीं कर सकते।
उड़ान के दौरान पायलटों के बीच हुई झड़प
रिपोर्टों के मुताबिक, घटना बुधवार सुबह करीब 9 बजे हुई। विमान में 174 लोग सवार थे, जिनमें 27 बच्चे बताए गए हैं। हमले से पहले दोनों पायलटों के बीच कथित तौर पर हाथापाई हुई। इसके बाद को-पायलट ने कैप्टन स्मित पर चाकू से हमला किया।
घटना के दौरान विमान करीब 34 हजार फीट की ऊंचाई से तेजी से नीचे आया और लगभग 17 हजार फीट तक पहुंच गया। बाद में एक यात्री और क्रू सदस्य कॉकपिट तक पहुंचे। अन्य क्रू सदस्यों के साथ मिलकर हमलावर को काबू किया गया और विमान को सऊदी अरब के तबुक एयरपोर्ट पर सुरक्षित रूप से उतारा गया।
हालांकि, कॉकपिट का दरवाजा उड़ान के दौरान आम तौर पर सुरक्षा कारणों से लॉक रहता है। ऐसे में यात्री और क्रू सदस्य कॉकपिट के अंदर किस तरह पहुंचे, इसे लेकर अभी सवाल बने हुए हैं।
कैप्टन स्मित का अस्पताल में इलाज
हादसे के बाद दोनों पायलट घायल हुए और उन्हें अस्पताल ले जाया गया। कैप्टन स्मित की हालत स्थिर बताई गई है। विमान में मौजूद एक इजरायली डेंटिस्ट ने घायल पायलट की मदद की और उड़ान के दौरान उनका प्राथमिक उपचार किया।
घटना के कुछ वीडियो भी सामने आए हैं, जिनमें विमान के असामान्य रूप से हिलने और बाद में यात्रियों द्वारा राहत की प्रतिक्रिया देने के दृश्य दिखाई देते हैं।
स्पाइसजेट में भी काम कर चुके हैं स्मित
कैप्टन स्मित मछार के पास कमर्शियल विमान उड़ाने का लंबा अनुभव है। फ्लायदुबई से जुड़ने से पहले उन्होंने करीब 11 साल तक स्पाइसजेट में काम किया था। इस दौरान उन्होंने 9,500 घंटे से अधिक उड़ान भरी, जिसमें 6,400 घंटे से ज्यादा पायलट-इन-कमांड के तौर पर बताए जाते हैं।
उन्होंने जून 2022 में फ्लायदुबई जॉइन की थी। उनके पेशेवर प्रोफाइल के मुताबिक, उन्हें बोइंग 737 विमान उड़ाने का भी व्यापक अनुभव है। इसके अलावा वे पायलटों की ट्रेनिंग, मूल्यांकन और मार्गदर्शन से जुड़े कार्य भी करते रहे हैं।
घटना की पूरी परिस्थितियों और कॉकपिट में हुई कार्रवाई को लेकर संबंधित अधिकारियों की जांच के बाद ही विस्तृत जानकारी स्पष्ट होगी।