दुश्मन की नींद उड़ाने आ रहा F-47! US Air Force के नए सुपर फाइटर की एंट्री से अमेरिकी वायु सेना होगी और भी घातक
वेनेजुएला पर हमला करने और उसके राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को पकड़ने के बाद, अमेरिकी राष्ट्रपति का हौसला बढ़ गया है। अब उनकी नज़र पड़ोसी कनाडा और दुनिया के सबसे बड़े बर्फ से ढके द्वीप ग्रीनलैंड पर है। इसे हासिल करने के लिए वह खुलेआम अमेरिकी सेना की ताकत दिखा रहे हैं। उन्होंने अब अमेरिका के छठी पीढ़ी के स्टील्थ फाइटर जेट, F-47 के बारे में बताकर दुनिया को धमकी दी है। उन्होंने दावा किया कि यह अब तक का बनाया गया सबसे विनाशकारी फाइटर जेट है, जो कुछ ही मिनटों में दुनिया में कहीं भी तबाही मचा सकता है।
F-47: दुनिया का सबसे खतरनाक फाइटर जेट
स्विट्जरलैंड के दावोस में वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में बोलते हुए, ट्रंप ने कहा कि F-47 एक शानदार फाइटर जेट है, जिसकी बराबरी दुनिया का कोई दूसरा विमान नहीं कर सकता। इसकी विनाशकारी क्षमताएं बाकी सभी फाइटर जेट से कहीं ज़्यादा हैं। ट्रंप ने आगे कहा, "मुझे समझ नहीं आता कि इसे 47 क्यों कहते हैं। अगर मुझे यह पसंद नहीं आया, तो मैं 47 बदल दूंगा।"
तेज़ और सटीक मोड़ लेने में सक्षम
F-47 एक अत्याधुनिक फाइटर जेट है। इसके निर्माण में स्टील्थ टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किया गया है, जिससे इसे रडार पर पकड़ना मुश्किल हो जाता है। इसके सेंसर सिस्टम पूरी तरह से इंटीग्रेटेड हैं, जिससे पायलट आसानी से दुश्मन को ट्रैक और हमला कर सकता है। अमेरिकी वायु सेना के अनुसार, यह फाइटर जेट लंबी दूरी की लड़ाई के लिए डिज़ाइन किया गया है। अपनी एडवांस्ड मिसाइलों से यह सुरक्षित दूरी से लक्ष्यों पर हमला कर सकता है। इसमें कॉकपिट के पास छोटे पंख हैं, जो उड़ान के दौरान स्थिरता बढ़ाते हैं और तेज़ और सटीक मोड़ लेने में मदद करते हैं। यह खासियत इस विमान को करीबी लड़ाई (डॉगफाइटिंग) के लिए सक्षम बनाती है।
अमेरिकी वायु सेना 185 विमान खरीदेगी
संबंधित वेबसाइट WION के अनुसार, F-47 स्टील्थ फाइटर जेट ऑटोनॉमस ड्रोन के साथ मिलकर काम कर सकता है। इस विमान का डिज़ाइन बोइंग के YF-118G बर्ड ऑफ प्रे एयरक्राफ्ट जैसा दिखता है। अन्य F-सीरीज़ के फाइटर जेट की तुलना में इसकी रेंज काफी ज़्यादा है, जो इसे कहीं ज़्यादा घातक बनाती है। अमेरिकी वायु सेना ने इस फाइटर जेट को बनाने का कॉन्ट्रैक्ट बोइंग को दिया है। योजना के अनुसार, वायु सेना ऐसे कम से कम 185 विमान खरीदेगी। इन प्लेन को इस दशक के आखिर तक, यानी 2030 के आसपास, US एयर फ़ोर्स में शामिल किए जाने की उम्मीद है।
चीन के साथ टकराव के लिए US की तैयारी
उम्मीद है कि यह स्टील्थ फाइटर जेट भविष्य के युद्धों में, खासकर चीन के साथ संभावित मिलिट्री टकराव में, अहम भूमिका निभाएगा। ट्रंप इस फाइटर जेट को लेकर काफी उत्साहित दिख रहे हैं। उनका दावा है कि इस एयरक्राफ्ट की स्पीड, फुर्ती और हथियार ले जाने की क्षमता ज़बरदस्त है, और दुनिया ने पहले कभी ऐसा जेट नहीं देखा।