शशि थरूर का अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप पर तंज, बोलें-आपने किसी और को कहा, क्या ये ही मध्यस्थता है? जानें क्या है पूरा मामला?
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने शुक्रवार (23 मई, 2025) को भारत और पाकिस्तान के बीच संघर्ष विराम का श्रेय लेने के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि इस मामले में तीसरे पक्ष की मध्यस्थता की कोई औपचारिक प्रक्रिया की अपील नहीं की गई और न ही ऐसी कोई बात हुई। शशि थरूर ने कहा कि सरकार ने पाकिस्तान के खिलाफ भारत द्वारा की गई कार्रवाई के बारे में वैश्विक नेताओं को जानकारी दी और कई देशों के विदेश मंत्रियों को भी इस कार्रवाई के बारे में जानकारी दी गई।
'मध्यस्थता की कोई औपचारिक प्रक्रिया नहीं थी'
कांग्रेस सांसद ने कहा कि आप हमारी सरकार के रुख से भलीभांति परिचित हैं। किसी भी संकट के समय, हमेशा ऐसे देश होते हैं जो फोन करते हैं और संपर्क करते हैं। हमने हर जगह यही रास्ता अपनाया है। मध्यस्थता की कोई औपचारिक प्रक्रिया नहीं हुई है, न ही इसका अनुरोध किया गया है।
ट्रंप के दावे पर थरूर का कटाक्ष
उन्होंने कहा कि अगर आप मुझे फोन करेंगे तो मैं आपको बता दूंगा कि मैं क्या कर रहा हूं और क्यों कर रहा हूं। यह भी उसी तरह हुआ। यदि आप जाकर किसी और को बताते हैं और परिणामस्वरूप उन्हें कुछ विशेष परिणाम भुगतने पड़ते हैं, तो क्या इसे मध्यस्थता कहा जाएगा? मुझे ऐसा नहीं लगता। कांग्रेस नेता शशि थरूर ने कहा कि अगर कोई संकट चल रहा है तो हम किसी भी व्यक्ति से बहुत ही रचनात्मक तरीके से बात करते हैं। हमारे विदेश मंत्री जब भी किसी दूसरे विदेश मंत्री से बात करते थे तो उसे अपने ट्विटर (एक्स) अकाउंट पर शेयर करते थे।
गौरतलब है कि कांग्रेस सांसद शशि थरूर के नेतृत्व में एक सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद का पर्दाफाश करने के लिए अमेरिका जा रहा है। इसमें टीडीपी नेता जीएम हरीश बालयोगी, बीजेपी नेता शशांक मणि त्रिपाठी, भुवनेश्वर कलिता, शिवसेना नेता मिलिंद देवड़ा, बीजेपी सांसद तेजस्वी सूर्या और पूर्व राजनयिक तरणजीत संधू शामिल हैं.