ट्रंप को मारने की साजिश में 5 गिरफ्तार, जन्मदिन पर ड्रोन और स्नाइपर से हमले की थी तैयारी, मां की सूचना से टला हादसा
हजारों लोगों की भीड़, चकाचौंध भरी रोशनी में UFC मैच, अमेरिका की सबसे सुरक्षित इमारत – व्हाइट हाउस – और 'बर्थडे बॉय', राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मौजूदगी... यह सब किसी हॉलीवुड थ्रिलर फिल्म के सीन जैसा लग रहा था। हालांकि, अमेरिकी एजेंसियों का दावा है कि पर्दे के पीछे एक खतरनाक साजिश रची जा रही थी। पता चला है कि हमलावरों के एक ग्रुप का इरादा इवेंट के ऊपर विस्फोटक से लदे ड्रोन उड़ाकर अफरा-तफरी मचाने और फिर भगदड़ का फायदा उठाकर खास हाई-प्रोफाइल नेताओं को निशाना बनाने का था। FBI का कहना है कि सही समय पर दखल देकर इस साजिश को नाकाम कर दिया गया।
पूरी कहानी क्या है?
डोनाल्ड ट्रंप ने अपने जन्मदिन के मौके पर व्हाइट हाउस में एक UFC इवेंट आयोजित किया था। जब इस खतरनाक मिक्स्ड मार्शल आर्ट्स कॉम्पिटिशन के लिए भारी भीड़ जुटी, तो एक खतरनाक साजिश का खुलासा हुआ। वेन्यू पर हमले की योजना थी, जिसे FBI ने नाकाम करने का दावा किया है। FBI डायरेक्टर काश पटेल ने कहा कि नियोजित हमलों को पूरी तरह से रोक दिया गया।
AFP की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिकी न्याय विभाग ने पांच लोगों के खिलाफ आरोप दायर किए हैं। रिपोर्टों से पता चलता है कि ग्रुप ने इवेंट के ऊपर विस्फोटक लगे ड्रोन उड़ाने की योजना बनाई थी। मकसद भगदड़ मचाना था ताकि भीड़ भागने लगे, और इसी अफरा-तफरी के बीच स्नाइपर हाई-प्रोफाइल लोगों को निशाना बना सकें।
गिरफ्तार किए गए लोगों में 19 साल का टायसन प्रॉपर भी शामिल था। उसे 10 जून को ओहियो में हिरासत में लिया गया, जब उसकी मां ने पुलिस को बताया कि वह एक चरमपंथी ग्रुप के साथ ऑनलाइन संपर्क में था। न्याय विभाग ने कहा कि प्रॉपर ने अपने घर पर कई हथियार और हजारों राउंड गोला-बारूद जमा कर रखे थे। उसने अमेरिकी कांग्रेस के सदस्यों सहित कई संभावित लक्ष्यों की पहचान भी की थी।
वेंस ने वामपंथियों पर निशाना साधा
अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस भी UFC इवेंट में मौजूद थे। मंगलवार सुबह फॉक्स न्यूज पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि उन्हें इस साजिश के बारे में अभी-अभी पता चला है। जब उनसे पूछा गया कि FBI ने नाकाम साजिश की जानकारी क्यों जारी की — जो सुरक्षा कारणों से हमेशा ऐसा नहीं करती है — तो वेंस ने कहा कि इसकी वजह नियोजित हमले का संभावित "बड़े पैमाने" का होना हो सकता है।
उन्होंने इसे एक सुनियोजित और पहले से तय आतंकवादी साजिश बताया। उन्होंने कहा कि ट्रंप प्रशासन कट्टरपंथी वामपंथी समूहों के फंडिंग स्रोतों और नेटवर्क की जांच कर रहा था। हालांकि वेंस ने आरोपी व्यक्तियों के मकसद के बारे में और जानकारी नहीं दी, लेकिन उन्होंने डेमोक्रेटिक पार्टी पर ट्रंप-विरोधी बयानों के जरिए हिंसा भड़काने का आरोप लगाया। अमेरिकी सरकार ने बार-बार यह दावा किया है कि देश में बढ़ते राजनीतिक तनाव के लिए ट्रंप के आलोचक और मीडिया ज़िम्मेदार हैं। इसके उलट, ट्रंप के विरोधियों का तर्क है कि रिपब्लिकन राष्ट्रपति का अपने विरोधियों, प्रवासियों और चुनावी व्यवस्था के ख़िलाफ़ अक्सर भड़काऊ बयानबाज़ी करना ही इसकी असली वजह है।