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सुवेंदु अधिकारी के पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री बनने का दावा भ्रामक, वीडियो में जाने सोशल मीडिया पर फैली गलत जानकारी

 

सोशल मीडिया और कुछ ऑनलाइन पोस्ट्स में यह दावा तेजी से फैलाया जा रहा है कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) नेता सुवेंदु अधिकारी शनिवार को पश्चिम बंगाल के पहले भाजपा मुख्यमंत्री बन गए हैं और उन्होंने शपथ भी ले ली है। हालांकि, यह दावा पूरी तरह भ्रामक और तथ्यहीन पाया गया है।वास्तविक स्थिति यह है कि पश्चिम बंगाल में वर्तमान में किसी भी प्रकार का सत्ता परिवर्तन या मुख्यमंत्री पद की शपथ ग्रहण समारोह नहीं हुआ है। राज्य की मौजूदा राजनीतिक स्थिति में तृणमूल कांग्रेस (TMC) की सरकार कार्यरत है और मुख्यमंत्री पद पर ममता बनर्जी बनी हुई हैं। सुवेंदु अधिकारी फिलहाल पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता के रूप में कार्यरत हैं।

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फर्जी दावों में यह भी कहा गया कि सुवेंदु अधिकारी ने बांग्ला भाषा में शपथ लेते हुए “ईश्वर के नाम” का उच्चारण किया और शपथ के बाद उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को झुककर प्रणाम किया। इसके साथ ही यह भी दावा किया गया कि पश्चिम बंगाल के राज्यपाल आर.एन. रवि ने पांच अन्य विधायकों को मंत्री पद की शपथ दिलाई।इन दावों की भी आधिकारिक पुष्टि किसी भी सरकारी स्रोत, राजभवन या चुनाव आयोग द्वारा नहीं की गई है। ध्यान देने योग्य तथ्य यह है कि आर.एन. रवि वर्तमान में पश्चिम बंगाल के राज्यपाल नहीं हैं, बल्कि वह तमिलनाडु के राज्यपाल के रूप में कार्यरत हैं। पश्चिम बंगाल के राज्यपाल पद पर अलग संवैधानिक अधिकारी नियुक्त हैं।

वहीं, सूची में शामिल बताए गए अन्य नाम जैसे दिलीप घोष, अग्निमित्रा पॉल, अशोक कीर्तनिया, खुदीराम टूडू और निषिथ प्रमाणिक को लेकर भी किसी प्रकार की शपथ या मंत्री पद की पुष्टि आधिकारिक रिकॉर्ड में मौजूद नहीं है।सूत्रों के अनुसार, यह पूरा दावा एक एडिटेड या फर्जी पोस्ट के रूप में सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है, जिसे बिना सत्यापन के आगे बढ़ाया जा रहा है। ऐसे मामलों में अक्सर राजनीतिक भ्रम फैलाने और जनमत को प्रभावित करने की कोशिश की जाती है।

विशेषज्ञों का कहना है कि चुनावी या राजनीतिक माहौल में इस तरह की फर्जी खबरें तेजी से फैलती हैं, इसलिए किसी भी सूचना को साझा करने से पहले उसकी आधिकारिक पुष्टि जरूरी है। प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) और अन्य तथ्य-जांच संस्थान लगातार ऐसी झूठी खबरों को खारिज करते रहते हैं।फिलहाल, पश्चिम बंगाल में सरकार या मुख्यमंत्री पद में किसी भी प्रकार का बदलाव नहीं हुआ है और सुवेंदु अधिकारी विपक्ष के नेता के रूप में ही कार्यरत हैं। नागरिकों को सलाह दी जाती है कि वे केवल विश्वसनीय समाचार स्रोतों पर भरोसा करें और सोशल मीडिया पर वायरल हो रही अपुष्ट खबरों से सतर्क रहें।