TMC में बढ़ी सियासी हलचल: भूपेंद्र यादव के आवास पर बागी सांसदों की बैठक, वीडियो में जाने 22 सांसदों के समर्थन का दावा
पश्चिम बंगाल की सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (TMC) में अंदरूनी कलह के बीच पार्टी के बागी सांसदों की गतिविधियां तेज हो गई हैं। रविवार को कई बागी सांसद केंद्रीय मंत्री और भाजपा के पश्चिम बंगाल प्रभारी भूपेंद्र यादव के आवास पर बैठक के लिए पहुंचे। इस बैठक ने बंगाल की राजनीति में नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है।
भूपेंद्र यादव के घर जुटे कई सांसद
बैठक में टीएमसी सांसद सायोनी घोष, प्रसून बनर्जी समेत कई अन्य सांसद शामिल हुए। भाजपा सांसद निशिकांत दुबे भी बैठक में मौजूद रहे। राजनीतिक गलियारों में इस मुलाकात को टीएमसी के भीतर बढ़ते असंतोष और संभावित राजनीतिक बदलाव के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
सायोनी घोष ने साधी चुप्पी
दिल्ली पहुंचने पर मीडिया ने जब सायोनी घोष से सवाल किए तो उन्होंने किसी भी तरह की टिप्पणी करने से इनकार कर दिया। सायोनी ने कहा, "मैं अभी कुछ नहीं कहूंगी। सही समय आने पर ही बोलूंगी।" उनके इस बयान के बाद राजनीतिक अटकलें और तेज हो गई हैं।
ममता ने पदों से हटाया
हाल ही में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सायोनी घोष और माला रॉय को पार्टी के महत्वपूर्ण पदों से हटा दिया था। सायोनी घोष टीएमसी की युवा इकाई की अध्यक्ष थीं। इस फैसले को भी पार्टी के भीतर चल रहे मतभेदों से जोड़कर देखा जा रहा है।
सोमवार को ओम बिरला से मुलाकात
सूत्रों के मुताबिक, टीएमसी के बागी सांसद सोमवार को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मुलाकात करेंगे। माना जा रहा है कि इस बैठक में वे अपने अगले राजनीतिक कदम और संसदीय स्थिति को लेकर चर्चा कर सकते हैं।
22 सांसदों के समर्थन का दावा
बागी गुट की सांसद काकोली घोष ने दावा किया है कि उनके साथ अब 22 सांसदों का समर्थन है। इससे पहले उन्होंने 20 सांसदों के समर्थन की बात कही थी। यदि यह दावा सही साबित होता है, तो टीएमसी के लिए यह बड़ा राजनीतिक झटका माना जाएगा।
बंगाल की राजनीति पर नजर
बागी सांसदों की लगातार बैठकों और बढ़ते समर्थन के दावों ने पश्चिम बंगाल की राजनीति में हलचल बढ़ा दी है। अब सभी की नजरें सोमवार को लोकसभा अध्यक्ष से होने वाली मुलाकात और उसके बाद सामने आने वाले घटनाक्रम पर टिकी हैं।