उत्तराखंड में बारिश बनी काल, 3 बच्चों समेत 11 की मौत; दो लोग लापता, आज भी कई जिलों में अलर्ट
उत्तराखंड में लगातार हो रही भारी बारिश अब लोगों के लिए आफत बन गई है। प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में बारिश, नदी के तेज बहाव, भूस्खलन और मलबे से हुए हादसों में तीन बच्चों समेत 11 लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं, एक महिला समेत दो लोग अभी लापता बताए जा रहे हैं। लगातार खराब मौसम के बीच राहत और बचाव टीमें प्रभावित इलाकों में जुटी हुई हैं।
नदियों और बरसाती नालों में बढ़ा खतरा
देहरादून समेत कई जिलों में बारिश के कारण नदी-नाले उफान पर हैं। देहरादून में तेज बहाव के कारण दो कारों के बहने से दो युवाओं की मौत हो गई, जबकि तीन लोगों को बचा लिया गया। वहीं, कोटद्वार के सिगड्डी क्षेत्र में नदी पार करते समय एक परिवार हादसे का शिकार हो गया। इस घटना में मां और एक साल की बच्ची की जान चली गई, जबकि बच्ची का पिता बच गया।
बारिश के चलते कई जगहों पर भूस्खलन और मलबा गिरने की घटनाएं भी सामने आई हैं। अल्मोड़ा में भारी बारिश के बीच भूस्खलन की चपेट में आने से एक परिवार के तीन सदस्यों की मौत की जानकारी सामने आई है।
एक महिला और बच्चा अब भी लापता
पौड़ी जिले के पैठाणी क्षेत्र में पश्चिमी नयार नदी में एक महिला के बहने की सूचना है। पुलिस और एसडीआरएफ की टीमें उसकी तलाश में जुटी हैं। इसके अलावा देहरादून के बालावाला क्षेत्र में एक बच्चा भी बरसाती नाले में बह गया, जिसकी तलाश जारी है।
183 से ज्यादा सड़कें बंद
भारी बारिश और भूस्खलन के कारण प्रदेश में सड़क संपर्क भी बुरी तरह प्रभावित हुआ है। रिपोर्ट के मुताबिक 183 से अधिक प्रमुख और ग्रामीण सड़कें बंद हैं। कई जगह मलबा आने से मार्ग बाधित हुए हैं। पिथौरागढ़ में भूस्खलन के कारण कैलाश मानसरोवर मार्ग भी प्रभावित हुआ और कई उच्च हिमालयी घाटियों का संपर्क कट गया।
आज भी भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने आज भी उत्तराखंड के कई हिस्सों में भारी बारिश की चेतावनी दी है। देहरादून, नैनीताल और बागेश्वर में भारी बारिश का अलर्ट बताया गया है, जबकि कुछ इलाकों में बहुत भारी बारिश की आशंका है।
प्रशासन ने लोगों से नदी-नालों के किनारे जाने से बचने और खराब मौसम के दौरान बेहद सतर्क रहने की अपील की है। पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन और अचानक बाढ़ के खतरे को देखते हुए अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी जा रही है।