95 हजार से ज्यादा मतदाताओं को नाम जुड़वाने का एक और मौका, 3 अक्टूबर के बाद भर सकेंगे Form-6
उत्तराखंड में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR के दौरान 95 हजार से अधिक मतदाताओं को नाम जुड़वाने का एक और मौका मिलेगा। निर्वाचन अधिकारियों के अनुसार, जिन मतदाताओं को दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराने या सत्यापन के दौरान सुनवाई में उपस्थित नहीं होने के कारण ‘अपात्र’ श्रेणी में रखा गया है, वे अंतिम मतदाता सूची जारी होने के बाद भी नाम शामिल कराने के लिए आवेदन कर सकेंगे।
SIR के दौरान करीब 1.73 लाख Form-7 आवेदन सामने आए हैं। इनमें 95 हजार से अधिक मामलों को ‘अपात्र’ श्रेणी में रखा गया है। Form-7 का इस्तेमाल मतदाता सूची से नाम हटाने के लिए किया जाता है। निर्वाचन कार्यालय के मुताबिक, सत्यापन के लिए मांगे गए दस्तावेज नहीं देने या सुनवाई में मतदाता अथवा उसके परिवार के किसी सदस्य के उपस्थित नहीं होने पर संबंधित ERO या AERO मामले को अपात्र श्रेणी में दर्ज कर सकता है।
3 अक्टूबर को जारी होगी अंतिम मतदाता सूची
उत्तराखंड में SIR की अंतिम मतदाता सूची अब 3 अक्टूबर को प्रकाशित होगी। पहले इसके लिए 15 सितंबर की तारीख तय थी, लेकिन दावे और आपत्तियों के निस्तारण के लिए समय बढ़ाया गया। राज्य के आधिकारिक चुनाव कार्यालय की वेबसाइट पर भी SIR-2026 और ड्राफ्ट मतदाता सूची से संबंधित जानकारी उपलब्ध है।
अंतिम सूची के बाद भी भर सकेंगे Form-6
निर्वाचन कार्यालय ने स्पष्ट किया है कि ‘अपात्र’ श्रेणी में रखे गए मतदाताओं के लिए रास्ता बंद नहीं होगा। अंतिम सूची प्रकाशित होने के बाद ऐसे पात्र मतदाता Form-6 भरकर मतदाता सूची में नाम शामिल कराने का दावा कर सकेंगे। इसके साथ निर्धारित दस्तावेज भी देने होंगे। यह आवेदन चुनाव से पहले मतदाता सूची में नाम शामिल कराने के लिए किया जा सकता है।
इस व्यवस्था का मकसद यह सुनिश्चित करना है कि SIR के दौरान सत्यापन प्रक्रिया पूरी नहीं कर पाने वाले पात्र मतदाता भी बाद में निर्धारित प्रक्रिया के तहत मतदाता सूची में अपना नाम शामिल करा सकें। फिलहाल उत्तराखंड में दावे और आपत्तियों के निस्तारण की प्रक्रिया जारी है और 3 अक्टूबर को अंतिम सूची प्रकाशित की जानी है।