गणतंत्र दिवस पर ताजमहल परिसर में तिरंगा फहराने का वीडियो वायरल, ASI और प्रशासन ने शुरू की जांच
गणतंत्र दिवस के अवसर पर आगरा स्थित ताजमहल परिसर में तिरंगा फहराने और राष्ट्रगान गाने का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया है। बताया जा रहा है कि यह वीडियो अखिल भारत हिंदू महासभा से जुड़े कुछ लोगों द्वारा रिकॉर्ड किया गया है। वीडियो सामने आने के बाद भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) और स्थानीय प्रशासन ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू कर दी है। इस घटना ने ताजमहल की सुरक्षा व्यवस्था और नियमों के पालन को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
वायरल वीडियो में कुछ लोग ताजमहल परिसर के भीतर तिरंगा फहराते और राष्ट्रगान गाते हुए दिखाई दे रहे हैं। हालांकि तिरंगा फहराना और राष्ट्रगान गाना देशभक्ति का प्रतीक माना जाता है, लेकिन ताजमहल एक संरक्षित स्मारक है, जहां ASI के नियमों के तहत किसी भी तरह की अनुमति के बिना कार्यक्रम, प्रदर्शन या गतिविधि करने पर रोक है। इसी कारण इस घटना को नियमों के उल्लंघन के रूप में देखा जा रहा है।
ASI अधिकारियों के अनुसार, ताजमहल जैसे विश्व धरोहर स्थल पर किसी भी आयोजन के लिए पूर्व अनुमति आवश्यक होती है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि संबंधित लोगों ने इसके लिए कोई आधिकारिक अनुमति नहीं ली थी। ASI ने वीडियो की सत्यता की पुष्टि करने के साथ-साथ यह भी जांच शुरू कर दी है कि यह गतिविधि किस स्थान पर और किन परिस्थितियों में की गई।
वहीं जिला प्रशासन ने भी मामले को गंभीरता से लेते हुए सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा शुरू कर दी है। ताजमहल की सुरक्षा सीआईएसएफ और स्थानीय पुलिस के जिम्मे होती है। ऐसे में बिना अनुमति इस तरह की गतिविधि का होना सुरक्षा चूक की ओर इशारा करता है। प्रशासन यह पता लगाने में जुटा है कि संबंधित लोग स्मारक परिसर में कैसे पहुंचे और सुरक्षा जांच के दौरान यह गतिविधि कैसे संभव हो पाई।
इस मामले को लेकर राजनीतिक और सामाजिक हलकों में भी चर्चा तेज हो गई है। कुछ लोग इसे देशभक्ति से जोड़कर देख रहे हैं, तो वहीं कई विशेषज्ञों का कहना है कि ऐतिहासिक और संरक्षित स्मारकों पर नियमों का पालन सर्वोपरि होना चाहिए, ताकि उनकी गरिमा और सुरक्षा बनी रहे।
प्रशासनिक सूत्रों के मुताबिक, जांच के बाद यदि नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है। फिलहाल ASI और जिला प्रशासन दोनों ही पूरे मामले की गहराई से जांच कर रहे हैं।