गोंडा में गड्ढे में डूबने से दो बच्चों की मौत का मामला: तहसील प्रशासन और पुलिस ने शुरू की जांच, पीड़ित परिवारों में मचा कोहराम
जिले के इटियाथोक कोतवाली क्षेत्र के बैजपुर गांव में रविवार देर शाम हुए दर्दनाक हादसे के बाद प्रशासन और पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। गांव में एक गड्ढे में डूबने से दो बच्चों की मौत हो गई थी। हादसे में 15 वर्षीय शिवम मौर्य और 12 वर्षीय राजा मौर्य की जान चली गई। घटना के बाद से दोनों बच्चों के परिवारों में मातम पसरा हुआ है।
जानकारी के अनुसार, बैजपुर गांव में रविवार शाम करीब 5 बजे यह हादसा हुआ। बताया जा रहा है कि दोनों बच्चे किसी काम से गांव के पास गए थे। इसी दौरान वे गड्ढे में भरे पानी की चपेट में आ गए और डूब गए। आसपास मौजूद लोगों को जब घटना की जानकारी हुई तो उन्होंने बच्चों को बाहर निकालने का प्रयास किया, लेकिन तब तक दोनों की मौत हो चुकी थी।
घटना की सूचना मिलते ही गांव में हड़कंप मच गया। परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे और बच्चों को बचाने की कोशिश की, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका। हादसे के बाद परिवार वालों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में भी शोक का माहौल बना हुआ है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए गोंडा सदर तहसील प्रशासन और इटियाथोक पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। प्रशासन की टीम घटना स्थल का निरीक्षण कर रही है और हादसे के कारणों की जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि गड्ढे में पानी कैसे भरा और वहां सुरक्षा के क्या इंतजाम थे।
स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में कई स्थानों पर ऐसे गड्ढे हैं, जिनमें बारिश के बाद पानी भर जाता है। इन जगहों पर सुरक्षा व्यवस्था नहीं होने के कारण हादसे की आशंका बनी रहती है। ग्रामीणों ने प्रशासन से ऐसे स्थानों को चिन्हित कर सुरक्षा के इंतजाम करने की मांग की है।
प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि जांच के बाद हादसे की वास्तविक वजह सामने आएगी। यदि किसी स्तर पर लापरवाही सामने आती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने भी मामले की जांच जारी रखने की बात कही है।
दो बच्चों की मौत से बैजपुर गांव में दुख का माहौल है। ग्रामीण और परिजन प्रशासन से उचित कार्रवाई और भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए कदम उठाने की मांग कर रहे हैं। फिलहाल पुलिस और प्रशासन की जांच रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।