यूपी में ऐप से कैब बुक करने वालों को मिलेगी राहत, मनमाना किराया और खराब सेवा पर लगेगी रोक; नई नियमावली लागू
उत्तर प्रदेश में ऐप आधारित कैब से सफर करने वाले यात्रियों के लिए बड़ी खबर है। अब कैब बुक करने के बाद मनमाने किराए और खराब सेवा की शिकायतों पर लगाम लगाने की तैयारी है। योगी सरकार ने ऐप आधारित कैब, यात्री परिवहन, डिलीवरी और लॉजिस्टिक सेवाओं के संचालन को लेकर नई नियमावली-2026 लागू कर दी है।
नई नियमावली का नाम उत्तर प्रदेश मोटरयान (समूहक एवं ...) नियमावली-2026 बताया गया है। इसके तहत ऐप आधारित परिवहन सेवाओं को नियमों के दायरे में लाने और यात्रियों के हितों की रक्षा करने की व्यवस्था की गई है।
मनमाना किराया वसूलने पर लगेगी रोक
नई व्यवस्था का सबसे बड़ा असर कैब किराए पर पड़ने की उम्मीद है। अक्सर पीक टाइम, बारिश या अधिक मांग के दौरान ऐप कैब का किराया अचानक कई गुना बढ़ जाता है। इससे यात्रियों को परेशानी होती है।
नई नियमावली के तहत किराए और शुल्क से जुड़ी व्यवस्था को अधिक पारदर्शी बनाने का प्रयास किया गया है। यात्रियों को बुकिंग से पहले किराए और सेवा से जुड़ी जानकारी उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया है।
ऐप कंपनियों के लिए तय होंगे नियम
नई नियमावली में ऐप आधारित कैब और यात्री परिवहन सेवाएं संचालित करने वाले एग्रीगेटर्स के लिए नियम तय किए गए हैं। कंपनियों को निर्धारित शर्तों और मानकों का पालन करना होगा।
इसका उद्देश्य यात्रियों को सुरक्षित और बेहतर परिवहन सुविधा उपलब्ध कराना है। साथ ही कंपनियों और वाहन चालकों की जवाबदेही भी तय करने की व्यवस्था की जा रही है।
डिलीवरी और लॉजिस्टिक सेवाएं भी दायरे में
नई नियमावली केवल कैब सेवाओं तक सीमित नहीं है। ऐप आधारित यात्री परिवहन के साथ डिलीवरी और लॉजिस्टिक सेवाओं को भी इसके दायरे में शामिल किया गया है।
इससे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए सामान की डिलीवरी और परिवहन सेवाएं देने वाली कंपनियों के संचालन को भी नियमन के दायरे में लाया जा सकेगा।
यात्रियों की शिकायतों का होगा समाधान
नई व्यवस्था में यात्रियों की शिकायतों के समाधान पर भी जोर दिया गया है। कैब चालक द्वारा खराब व्यवहार, सेवा में लापरवाही या किराए से जुड़ी समस्या होने पर शिकायत दर्ज कराने की व्यवस्था को प्रभावी बनाने की कोशिश की गई है।
इसके अलावा वाहन और चालक से संबंधित सुरक्षा मानकों पर भी निगरानी बढ़ाई जा सकती है।
सरकार का फोकस सुरक्षित और पारदर्शी सेवा पर
योगी सरकार की नई नियमावली का उद्देश्य ऐप आधारित परिवहन क्षेत्र को व्यवस्थित करना और यात्रियों को बेहतर सेवा उपलब्ध कराना है। इससे कैब कंपनियों, ड्राइवरों और यात्रियों के बीच जिम्मेदारियां अधिक स्पष्ट होने की उम्मीद है।
नई नियमावली लागू होने के बाद अब ऐप आधारित कैब सेवाओं में किराए की पारदर्शिता, यात्रियों की सुरक्षा और शिकायतों के निपटारे पर ज्यादा जोर रहेगा। इससे रोजाना ऐप कैब का इस्तेमाल करने वाले लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है।