नोएडा में रिटायर्ड बैंक मैनेजर से 1.05 करोड़ रुपये की साइबर ठगी, क्रिप्टोकरेंसी में निवेश का दिया झांसा
उत्तर प्रदेश के नोएडा में साइबर ठगी का बड़ा मामला सामने आया है। साइबर ठगों ने 70 वर्षीय रिटायर्ड बैंक मैनेजर को क्रिप्टोकरेंसी में निवेश के नाम पर 1 करोड़ 5 लाख 77 हजार रुपये का चूना लगा दिया। पीड़ित की पहचान फेसबुक के जरिए राज नाम के एक व्यक्ति से हुई थी। आरोप है कि इसी पहचान के बाद उन्हें निवेश के नाम पर ठगी के जाल में फंसाया गया।
फेसबुक के जरिए हुई थी पहचान
जानकारी के अनुसार, रिटायर्ड बैंक मैनेजर की फेसबुक पर राज नाम के व्यक्ति से जान-पहचान हुई थी। बातचीत के दौरान क्रिप्टोकरेंसी में निवेश को लेकर चर्चा हुई। इसके बाद पीड़ित को निवेश के जरिए अच्छा मुनाफा कमाने का भरोसा दिया गया। इसी भरोसे में आकर उन्होंने बड़ी रकम निवेश कर दी।
निवेश के नाम पर गंवा दिए 1.05 करोड़ रुपये
पीड़ित ने अलग-अलग किस्तों में कुल 1 करोड़ 5 लाख 77 हजार रुपये गंवा दिए। इतनी बड़ी रकम की ठगी का पता चलने के बाद मामला सामने आया। साइबर ठगी के ऐसे मामलों में आरोपी सोशल मीडिया के जरिए लोगों से संपर्क करते हैं और निवेश पर अधिक मुनाफे का लालच देकर उन्हें पैसे ट्रांसफर करने के लिए राजी करते हैं।
रिटायर्ड बैंक मैनेजर को बनाया निशाना
इस मामले में 70 वर्षीय सेवानिवृत्त बैंक मैनेजर को निशाना बनाया गया। साइबर अपराधी अक्सर ऑनलाइन निवेश के नाम पर लोगों का भरोसा जीतने की कोशिश करते हैं। कई बार शुरुआत में निवेश और मुनाफे से जुड़े आंकड़े दिखाकर पीड़ित को अधिक रकम लगाने के लिए प्रेरित किया जाता है। हालांकि, इस मामले में ठगी का पूरा तरीका और रकम किस माध्यम से ट्रांसफर की गई, इसकी विस्तृत जानकारी उपलब्ध नहीं है।
जांच के बाद सामने आएंगे अन्य तथ्य
फिलहाल, मामले से जुड़े आरोपों और आगे की कार्रवाई की विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है। आरोपी राज की वास्तविक पहचान और उसके नेटवर्क के बारे में भी जानकारी उपलब्ध नहीं है।
विशेषज्ञों की सलाह है कि सोशल मीडिया पर मिले अनजान लोगों के निवेश संबंधी प्रस्तावों पर भरोसा करने से पहले उनकी सत्यता जांचें। क्रिप्टोकरेंसी में निवेश के नाम पर निश्चित या असाधारण मुनाफे का दावा करने वालों से सावधान रहें।