यूपी में मानसून का कहर: 50 शहरों में तेज बारिश, नोएडा में सड़कों पर भरा पानी; गाजियाबाद में धंसी सड़क में गिरी कार
उत्तर प्रदेश में मानसून की सक्रियता के बाद अब हालात बिगड़ने लगे हैं। गुरुवार सुबह से प्रदेश के कई जिलों में तेज बारिश का दौर जारी है। नोएडा, मथुरा, मेरठ, बुलंदशहर समेत करीब 50 शहरों में भारी बारिश दर्ज की गई है। लगातार बारिश के कारण कई इलाकों में जलभराव की स्थिति पैदा हो गई है, जिससे आम जनजीवन प्रभावित हुआ है।
नोएडा में बारिश का सबसे ज्यादा असर देखने को मिला। यहां कई प्रमुख सड़कों पर एक से दो फीट तक पानी भर गया। जलभराव के कारण वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। कई जगहों पर ट्रैफिक की रफ्तार धीमी हो गई और लोगों को घंटों जाम में फंसे रहना पड़ा। निचले इलाकों में पानी घरों और दुकानों तक पहुंचने की स्थिति बन गई है।
वहीं, गाजियाबाद में बारिश के बीच एक बड़ा हादसा सामने आया। यहां करीब 10 फीट सड़क अचानक धंस गई, जिसमें एक कार फंस गई। सड़क धंसने की सूचना मिलते ही प्रशासन और राहत टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने इलाके की घेराबंदी कर दी और राहत कार्य शुरू किया गया। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, भारी बारिश के कारण जमीन कमजोर होने से सड़क धंसने की घटना हुई।
मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश के कई जिलों में अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश की संभावना जताई है। मानसून की सक्रियता को देखते हुए कई जिलों में अलर्ट जारी किया गया है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि जलभराव वाले इलाकों में जाने से बचें और जरूरी सावधानी बरतें।
बारिश के कारण कई शहरों में बिजली आपूर्ति और यातायात व्यवस्था भी प्रभावित हुई है। नगर निकायों की टीमें जल निकासी के लिए लगातार काम कर रही हैं। नोएडा और गाजियाबाद समेत बड़े शहरों में पंप लगाकर पानी निकालने का प्रयास किया जा रहा है।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, बंगाल की खाड़ी और अरब सागर से आ रही नमी के कारण उत्तर भारत में मानसून मजबूत बना हुआ है। आने वाले दिनों में प्रदेश के कई हिस्सों में तेज बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें और किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन की मदद लें। लगातार हो रही बारिश ने जहां गर्मी से राहत दी है, वहीं जलभराव और सड़क धंसने जैसी घटनाओं ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं।