मेरठ की सस्पेंडेड दरोगा अनु कॉलिस का पलटवार, बोलीं- व्यूज के लिए मेरी जिंदगी बर्बाद कर दी
मेरठ में कथित आपत्तिजनक रील वायरल होने के बाद निलंबित की गई महिला दरोगा अनु कॉलिस ने पहली बार यूट्यूब लाइव के जरिए अपना पक्ष रखा। उन्होंने दावा किया कि उन्होंने कोई गलती नहीं की और सोशल मीडिया पर उनके वीडियो को लेकर गलत धारणा बनाई गई। अनु ने उस इन्फ्लुएंसर अमित किल्होर पर भी जमकर निशाना साधा, जिसने सबसे पहले उनका वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किया था। उन्होंने आरोप लगाया कि केवल व्यूज और रीच बढ़ाने के लिए उनकी जिंदगी और प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाया गया।
वीडियो वायरल होने के बाद हुई थीं सस्पेंड
अनु कॉलिस 2023 बैच की उत्तर प्रदेश पुलिस की सब-इंस्पेक्टर हैं। मेरठ में सोशल मीडिया पर कथित आपत्तिजनक वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस विभाग ने 16 अगस्त को उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया था। उन पर पुलिस आचरण नियमावली के उल्लंघन का आरोप लगाया गया है। फिलहाल पूरे मामले की विभागीय जांच एसपी क्राइम अवनीश कुमार कर रहे हैं।
‘व्यूज के लिए मेरी 25 साल की मेहनत बर्बाद कर दी’
यूट्यूब लाइव में अनु कॉलिस ने कहा कि सरकारी नौकरी हासिल करने के लिए काफी मेहनत करनी पड़ती है। उन्होंने आरोप लगाया कि एक इन्फ्लुएंसर ने व्यूज पाने के लिए उनके वीडियो को वायरल कर दिया, जिससे उनकी वर्षों की मेहनत और सम्मान प्रभावित हुआ।
अनु ने कहा कि वह कई दिनों से खुद को कमरे में बंद किए हुए हैं और इस पूरे विवाद से बेहद परेशान हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि उन्हें और उनके परिवार को धमकियां मिल रही हैं।
वायरल ड्रेस को लेकर भी दी सफाई
लाइव के दौरान अनु उसी ड्रेस में नजर आईं, जिसे लेकर सोशल मीडिया पर विवाद हुआ था। उन्होंने बताया कि यह ड्रेस वह अपनी मां के साथ मॉल से खरीदकर लाई थीं। उनका कहना था कि उनके परिवार में इस तरह के कपड़े पहनना सामान्य है और उनके माता-पिता या भाई को इससे कोई आपत्ति नहीं है।
अनु ने सवाल उठाया कि अगर उनके परिवार को इस ड्रेस से कोई परेशानी नहीं है तो दूसरे लोगों को आपत्ति क्यों है। उन्होंने यह भी कहा कि वह किसी भी प्रशासनिक जांच का सामना करने के लिए तैयार हैं।
इन्फ्लुएंसर पर लगाए गंभीर आरोप
अनु कॉलिस ने वीडियो वायरल करने वाले इन्फ्लुएंसर अमित किल्होर को सीधे तौर पर जवाब दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी निजी तस्वीरें और वीडियो बिना अनुमति सोशल मीडिया पर साझा किए गए। अनु ने यह भी सवाल उठाया कि उनके वीडियो से दूसरे व्यक्ति को क्या हासिल हुआ।
उन्होंने दावा किया कि वीडियो वायरल होने के बाद उनकी निजी जिंदगी, परिवार और करियर पर गंभीर असर पड़ा है। हालांकि, अनु की ओर से लगाए गए इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।
जांच के बाद सामने आएगी पूरी तस्वीर
इस पूरे विवाद में अब दो अलग-अलग पक्ष सामने आ चुके हैं। एक ओर पुलिस विभाग ने कथित आपत्तिजनक वीडियो और पुलिस आचरण नियमावली के उल्लंघन को लेकर अनु कॉलिस को निलंबित किया है, वहीं अनु खुद को निर्दोष बता रही हैं और वीडियो वायरल करने वाले इन्फ्लुएंसर पर आरोप लगा रही हैं।
फिलहाल मामले की जांच जारी है। जांच में वायरल वीडियो, उसके प्रसार और अनु कॉलिस की ओर से लगाए गए आरोपों की भी पड़ताल होगी। विभागीय जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि मामले में वास्तविक तौर पर किसकी भूमिका क्या रही और आगे क्या कार्रवाई की जाएगी।