×

यूपी में धार्मिक पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा, लखनऊ-कानपुर नमो रेल कॉरिडोर अयोध्या तक बढ़ाने की तैयारी

 

उत्तर प्रदेश में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए केंद्र सरकार और रेलवे की ओर से बड़ी पहल की गई है। लखनऊ-कानपुर के बीच प्रस्तावित नमो रेल कॉरिडोर को अयोध्या तक विस्तारित करने की तैयारी शुरू हो गई है। इस विस्तार के लिए डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट यानी डीपीआर तैयार करने को धनराशि मंजूर किए जाने की जानकारी सामने आई है। परियोजना के आगे बढ़ने से लखनऊ और कानपुर के साथ अयोध्या की कनेक्टिविटी को भी बेहतर बनाने की दिशा में काम होगा।

अयोध्या भगवान राम की जन्मभूमि के रूप में देश-दुनिया में धार्मिक आस्था का प्रमुख केंद्र है। राम मंदिर निर्माण के बाद यहां आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों की संख्या में भी लगातार बढ़ोतरी हुई है। ऐसे में अयोध्या को आधुनिक और तेज परिवहन व्यवस्था से जोड़ने की योजनाओं पर विशेष जोर दिया जा रहा है।

लखनऊ-कानपुर नमो रेल कॉरिडोर को अयोध्या तक ले जाने की योजना इसी व्यापक कनेक्टिविटी व्यवस्था का हिस्सा मानी जा रही है। प्रस्तावित विस्तार से यात्रियों को लखनऊ और कानपुर की दिशा से अयोध्या पहुंचने के लिए बेहतर सार्वजनिक परिवहन विकल्प मिल सकता है। इससे धार्मिक यात्राओं के साथ-साथ क्षेत्रीय आवागमन को भी सुविधा मिलने की उम्मीद है।

परियोजना की डीपीआर तैयार होना किसी बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट का शुरुआती महत्वपूर्ण चरण होता है। इसमें प्रस्तावित रूट, स्टेशन, तकनीकी जरूरतें, अनुमानित लागत, भूमि संबंधी आवश्यकताएं और निर्माण से जुड़े अन्य पहलुओं का विस्तृत अध्ययन किया जाता है। डीपीआर तैयार होने के बाद परियोजना के अगले चरणों को लेकर निर्णय लिया जाएगा।

लखनऊ और कानपुर उत्तर प्रदेश के दो प्रमुख शहर हैं। दोनों शहरों में बड़ी आबादी के साथ व्यावसायिक और औद्योगिक गतिविधियां भी होती हैं। वहीं अयोध्या धार्मिक पर्यटन का बड़ा केंद्र बन चुका है। ऐसे में इन प्रमुख शहरों के बीच तेज रेल कनेक्टिविटी विकसित होने से यात्रियों के लिए आवागमन के नए विकल्प तैयार हो सकते हैं।

धार्मिक पर्यटन के लिहाज से भी यह परियोजना महत्वपूर्ण मानी जा रही है। अयोध्या के अलावा उत्तर प्रदेश में वाराणसी, प्रयागराज, मथुरा, वृंदावन और विंध्याचल जैसे कई प्रमुख धार्मिक स्थल हैं। बेहतर रेल नेटवर्क के जरिए इन क्षेत्रों में आने वाले श्रद्धालुओं की यात्रा को सुविधाजनक बनाने पर सरकार का जोर रहा है।

नमो रेल जैसी आधुनिक शहरी-क्षेत्रीय परिवहन व्यवस्था का विस्तार होने पर यात्रियों को नियमित और तेज सेवा का विकल्प मिल सकता है। हालांकि, अयोध्या तक कॉरिडोर के विस्तार की अंतिम रूपरेखा, रूट, स्टेशन और संचालन से जुड़ी जानकारी डीपीआर और आगामी मंजूरियों के बाद ही स्पष्ट होगी।

फिलहाल डीपीआर के लिए धनराशि मंजूर होना इस प्रस्तावित विस्तार की दिशा में शुरुआती कदम है। परियोजना आगे बढ़ने पर लखनऊ-कानपुर-अयोध्या के बीच परिवहन कनेक्टिविटी मजबूत होने के साथ उत्तर प्रदेश के धार्मिक पर्यटन को भी नई गति मिलने की उम्मीद है।