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कानपुर में चाइल्ड पोर्नोग्राफी केस का खुलासा: घर के बाथरूम में छिपाता था कैमरा, रिश्तेदारों के निजी वीडियो बनाने के आरोप में युवक गिरफ्तार

 

उत्तर प्रदेश के कानपुर में चाइल्ड पोर्नोग्राफी और महिलाओं की निजता भंग करने से जुड़े एक गंभीर मामले का खुलासा हुआ है। पुलिस ने शुक्रवार को एक युवक को गिरफ्तार किया, जिस पर अपने घर आने वाले रिश्तेदारों के निजी वीडियो गुप्त कैमरे से रिकॉर्ड करने का आरोप है। मामले की जांच के दौरान साइबर टीम को आरोपी के मोबाइल फोन से कई आपत्तिजनक वीडियो भी मिले हैं।

पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में आरोपी ने बताया कि जब भी कोई रिश्तेदार उसके घर आता था, वह बाथरूम में गुप्त कैमरा लगा देता था। इसके जरिए वह कथित तौर पर लोगों के निजी वीडियो रिकॉर्ड करता था। पुलिस अब आरोपी के बयान और डिजिटल साक्ष्यों का मिलान कर रही है।

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मोबाइल से मिले कई आपत्तिजनक वीडियो

जांच के दौरान पुलिस ने आरोपी के कब्जे से दो मोबाइल फोन बरामद किए। साइबर टीम की शुरुआती जांच में इनमें 20 से 25 आपत्तिजनक वीडियो मिलने की बात सामने आई है। अधिकारियों का कहना है कि सभी इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की फॉरेंसिक जांच कराई जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि सामग्री का कहीं प्रसार तो नहीं किया गया।

नाबालिग से जुड़े आरोपों की भी जांच

पुलिस के अनुसार, पूछताछ में आरोपी ने अपनी 10 वर्षीय भतीजी के साथ कथित यौन शोषण और उसका वीडियो बनाने की बात भी स्वीकार की है। इसके अलावा उसने अपनी बहन और अन्य महिला रिश्तेदारों से जुड़े गंभीर दावे भी किए हैं। हालांकि, पुलिस का कहना है कि इन सभी आरोपों की स्वतंत्र रूप से जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।

POCSO समेत कई धाराओं में कार्रवाई

मामले में नाबालिग के शामिल होने के कारण पुलिस ने पॉक्सो (POCSO) अधिनियम सहित अन्य संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। पीड़ितों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं और जांच को आगे बढ़ाया जा रहा है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह मामला महिलाओं और बच्चों की निजता तथा सुरक्षा से जुड़ा है, इसलिए हर पहलू की गंभीरता से जांच की जा रही है। यदि जांच में अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आती है या डिजिटल सामग्री साझा किए जाने के प्रमाण मिलते हैं, तो मामले में अतिरिक्त धाराएं भी जोड़ी जा सकती हैं।