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प्रयागराज में इंटर के छात्र की हत्या, शव नाले में फेंका: घटनास्थल पर मिला कटा अंगूठा; 15 हजार रुपए को लेकर चल रहा था विवाद

 

प्रयागराज में घर से निकले इंटर के छात्र की हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आरोप है कि छात्र की हत्या करने के बाद उसके शव को नाले में फेंक दिया गया। घटनास्थल के पास पुलिस को एक कटा हुआ अंगूठा भी मिला है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, छात्र का करीब तीन महीने से 15 हजार रुपए को लेकर विवाद चल रहा था।

मृतक छात्र की पहचान शांतनु के रूप में बताई गई है। परिजनों के मुताबिक शांतनु घर से निकला था, लेकिन इसके बाद वापस नहीं लौटा। काफी समय तक घर नहीं पहुंचने पर परिवार के लोगों ने उसकी तलाश शुरू की। बाद में उसकी हत्या की जानकारी सामने आई।

15 हजार रुपए को लेकर चल रहा था विवाद

बताया जा रहा है कि शांतनु और आरोपी उज्जवल के बीच करीब तीन महीने से 15 हजार रुपए को लेकर विवाद चल रहा था। इसी रकम को लेकर दोनों के बीच तनाव था।

जानकारी के मुताबिक, शांतनु ने अपने पिता से रुपए मांगकर आरोपी उज्जवल को 15 हजार रुपए दिए थे। इसके बाद रकम को लेकर दोनों के बीच विवाद शुरू हो गया। पुलिस अब इसी लेन-देन को हत्या की वजह मानकर मामले की जांच कर रही है।

घर से निकलने के बाद नहीं लौटा छात्र

परिजनों के अनुसार शांतनु घर से किसी काम के लिए निकला था। काफी समय बीतने के बाद जब वह वापस नहीं आया तो परिवार को चिंता हुई। उसकी तलाश शुरू की गई। जांच आगे बढ़ने पर छात्र का शव नाले में मिलने की जानकारी सामने आई।

घटनास्थल की जांच के दौरान पुलिस को एक कटा हुआ अंगूठा भी मिला। इससे मामला और गंभीर हो गया। पुलिस ने घटनास्थल से मिले साक्ष्यों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।

आरोपी उज्जवल पर जांच केंद्रित

15 हजार रुपए के विवाद और शांतनु के आरोपी उज्जवल को रकम देने की जानकारी सामने आने के बाद पुलिस की जांच आरोपी के इर्द-गिर्द केंद्रित हो गई है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि शांतनु आखिरी बार किसके साथ था और उसकी हत्या किन परिस्थितियों में हुई।

पुलिस घटनास्थल के आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज, मोबाइल कॉल डिटेल और अन्य साक्ष्यों की जांच कर सकती है। साथ ही आरोपी से पूछताछ के जरिए हत्या की पूरी वजह और घटनाक्रम का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है।

फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है। हत्या की वास्तविक वजह और वारदात में शामिल अन्य लोगों की भूमिका जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।