लखनऊ में गोमती की बाढ़ का कहर, पॉश कॉलोनियों तक पहुंचा पानी: घर छोड़कर सुरक्षित जगह गए परिवार, होटलों में लिया कमरा
लखनऊ में गोमती नदी की बाढ़ का असर अब शहर की पॉश कॉलोनियों तक पहुंच गया है। जलस्तर बढ़ने के कारण कई इलाकों में घरों के आसपास पानी जमा हो गया है। हालात को देखते हुए अधिकांश परिवार अपने घर खाली कर सुरक्षित स्थानों की ओर चले गए हैं। कई परिवारों ने आसपास के होटलों में कमरे लेकर अस्थायी रूप से रहना शुरू कर दिया है।
बाढ़ के कारण लोगों की दिनचर्या बुरी तरह प्रभावित हुई है। जिन घरों में पानी पहुंचने का खतरा बढ़ गया है, वहां रहने वाले परिवार जरूरी सामान लेकर सुरक्षित स्थानों पर जा रहे हैं। कई लोगों ने बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा को देखते हुए घर छोड़ने का फैसला किया है।
पॉश कॉलोनियों में भी बढ़ी परेशानी
गोमती का जलस्तर बढ़ने के साथ ही नदी के आसपास के रिहायशी इलाकों में पानी का दबाव बढ़ गया है। पॉश कॉलोनियों में रहने वाले लोगों को भी बाढ़ की स्थिति से जूझना पड़ रहा है। कई परिवारों ने अपने घरों को फिलहाल खाली कर दिया है।कुछ परिवारों ने रिश्तेदारों के यहां शरण ली है, जबकि जिन लोगों के लिए यह संभव नहीं था, उन्होंने आसपास के होटलों में कमरे बुक कर लिए हैं। परिवारों का कहना है कि पानी कम होने और स्थिति सामान्य होने तक वे घर लौटने की स्थिति में नहीं हैं।
जरूरी सामान लेकर निकले लोग
बाढ़ का पानी बढ़ने की आशंका को देखते हुए लोग घरों से जरूरी सामान निकालकर सुरक्षित स्थानों पर ले जा रहे हैं। कई परिवारों ने दस्तावेज, कपड़े, दवाइयां और अन्य जरूरी सामान पहले ही सुरक्षित कर लिया है।स्थानीय लोगों के मुताबिक लगातार बढ़ते पानी के कारण घरों में रहना मुश्किल हो रहा है। लोगों को बिजली, आने-जाने और रोजमर्रा की जरूरतों से जुड़ी परेशानियों का भी सामना करना पड़ रहा है।
प्रशासन की निगरानी बढ़ी
गोमती नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन और स्थानीय एजेंसियां स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। प्रभावित इलाकों में लोगों को सतर्क रहने और जरूरत पड़ने पर सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी जा रही है।फिलहाल बाढ़ की स्थिति के कारण बड़ी संख्या में परिवार अपने घरों से दूर रहने को मजबूर हैं। लोगों को उम्मीद है कि जलस्तर घटने के बाद हालात जल्द सामान्य होंगे और वे अपने घरों में वापस लौट सकेंगे।