लाट साहब जुलूस को लेकर प्रशासन ने 92 मस्जिदों को ढकने की तैयारी की
उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर में लाट साहब के जुलूस को लेकर प्रशासन ने सुरक्षा को लेकर विशेष तैयारी शुरू कर दी है। जिले में होली के त्योहार और जुलूस के मद्देनजर मुस्लिम इबादतगाहों को ढकने का काम शुरू कर दिया गया है।
सूत्रों के अनुसार, प्रशासन ने शहर की 92 मस्जिदों को त्रिपाल से ढकने का आदेश दिया है। यह कदम इसलिए उठाया गया है ताकि होली के रंग और अन्य शरारती तत्वों से मस्जिदों को कोई नुकसान न पहुंचे। अधिकारियों का कहना है कि इस बार सुरक्षा के मद्देनजर यह सावधानीपूर्वक निर्णय लिया गया है।
जिला प्रशासन ने बताया कि इस पहल का उद्देश्य सांप्रदायिक सौहार्द और धार्मिक स्थलों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि जुलूस के दौरान होली के रंग और झांकियों के चलते किसी इबादतगाह पर अनहोनी न हो, इसे देखते हुए मस्जिदों को ढकने का निर्णय लिया गया।
स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन की इस पहल का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि त्योहार के अवसर पर सुरक्षा और धार्मिक स्थलों की सुरक्षा बेहद जरूरी है। वहीं, कुछ लोगों ने चिंता जताई कि यह कदम सभी समुदायों में असुरक्षा की भावना पैदा न कर दे।
विशेषज्ञों का कहना है कि त्योहारों और धार्मिक जुलूस के दौरान सुरक्षा व्यवस्था और संवेदनशील क्षेत्रों की निगरानी आवश्यक होती है। उन्होंने सुझाव दिया कि प्रशासन को सभी पक्षों से संवाद और जागरूकता अभियान भी चलाना चाहिए, ताकि किसी भी तरह की गलतफहमी या तनाव उत्पन्न न हो।
जिलाधिकारी ने कहा कि इस साल लाट साहब जुलूस में सुरक्षा बलों की मौजूदगी बढ़ाई गई है, और इसके साथ ही सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखने के लिए प्रशासन पूरी तरह तैयार है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे शांतिपूर्ण ढंग से त्योहार और जुलूस में हिस्सा लें और किसी भी शरारती गतिविधि की सूचना तुरंत अधिकारियों को दें।
शाहजहांपुर में यह तैयारी त्योहार और जुलूस के बीच सुरक्षा, सांप्रदायिक सौहार्द और सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
इस प्रकार, लाट साहब के जुलूस के मद्देनजर प्रशासन द्वारा 92 मस्जिदों को त्रिपाल से ढकना और सुरक्षा व्यवस्था सख्त करना यह संदेश देता है कि धार्मिक स्थलों और नागरिकों की सुरक्षा सर्वोपरि है।