×

अमेठी का गम्ड पेपर टेप पहुंचा अंतरराष्ट्रीय बाजार तक, चा

 

उत्तर प्रदेश के अमेठी जिले का जगदीशपुर औद्योगिक क्षेत्र अब सिर्फ स्थानीय उद्योगों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यहां तैयार होने वाला गम्ड पेपर टेप अंतरराष्ट्रीय बाजार में अपनी पहचान बना चुका है। करीब चार दशक पहले शुरू हुआ यह कारोबार आज जर्मनी, इटली, नीदरलैंड, यूनाइटेड किंगडम, दक्षिण अफ्रीका और अर्जेंटीना समेत कई देशों तक पहुंच रहा है।

जगदीशपुर औद्योगिक क्षेत्र में बनने वाले पेपर गम टेप की मांग देश के साथ-साथ विदेशों में भी लगातार बढ़ रही है। गुणवत्ता और उपयोगिता के कारण यहां तैयार उत्पादों ने वैश्विक बाजार में अपनी जगह बनाई है।

चार दशक पहले हुई थी शुरुआत

स्थानीय उद्योग से जुड़े लोगों के मुताबिक, करीब 40 साल पहले जगदीशपुर में गम्ड पेपर टेप का कारोबार छोटे स्तर पर शुरू हुआ था। धीरे-धीरे तकनीक, उत्पादन क्षमता और बाजार की मांग बढ़ने के साथ यह उद्योग बड़े स्तर पर विकसित होता गया।

आज यहां बनने वाला गम्ड पेपर टेप पैकेजिंग, उद्योग और व्यापारिक गतिविधियों में बड़े पैमाने पर इस्तेमाल किया जा रहा है।

विदेशों में बढ़ी मांग

अमेठी में तैयार होने वाले गम्ड पेपर टेप की पहुंच अब यूरोप से लेकर अफ्रीका और दक्षिण अमेरिका तक हो गई है। जर्मनी, इटली, नीदरलैंड, यूनाइटेड किंगडम, दक्षिण अफ्रीका और अर्जेंटीना जैसे देशों में इसकी आपूर्ति की जा रही है।

उद्योग से जुड़े लोगों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप उत्पादन और बेहतर गुणवत्ता के कारण विदेशी बाजार में भारतीय उत्पादों की मांग बढ़ी है।

रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को मिला बढ़ावा

गम्ड पेपर टेप उद्योग ने अमेठी के जगदीशपुर क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर भी पैदा किए हैं। बड़ी संख्या में लोग इस उद्योग से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से जुड़े हुए हैं।

स्थानीय स्तर पर विकसित हो रहे इस उद्योग ने क्षेत्र की औद्योगिक पहचान को मजबूत किया है। छोटे शहर से शुरू हुआ कारोबार अब वैश्विक स्तर पर अमेठी की पहचान बनाने में योगदान दे रहा है।

आगे विस्तार की उम्मीद

उद्योग जगत से जुड़े लोगों को उम्मीद है कि आने वाले समय में गम्ड पेपर टेप का निर्यात और बढ़ेगा। बेहतर तकनीक और नए बाजारों तक पहुंच के साथ यह उद्योग अमेठी के लिए आर्थिक विकास का महत्वपूर्ण माध्यम बन सकता है।

चार दशक पहले शुरू हुआ यह सफर अब अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंच चुका है और जगदीशपुर औद्योगिक क्षेत्र की सफलता की कहानी के रूप में देखा जा रहा है।