ईरान–अमेरिका तनाव के बीच फिर चर्चा में आया दुनिया का सबसे अहम समुद्री मार्ग
ईरान और अमेरिका–इज़राइल के बीच बढ़ते तनाव के बीच एक बार फिर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) चर्चा के केंद्र में है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस रणनीतिक समुद्री मार्ग को लेकर हालात गंभीर बने हुए हैं, जिससे वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर असर की आशंका जताई जा रही है।
इसी बीच यह सवाल भी लोगों के बीच तेजी से वायरल हो रहा है कि आखिर इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग का निर्माण कब हुआ था।
जानकारी के अनुसार, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज किसी इंसान द्वारा बनाया गया मार्ग नहीं है, बल्कि यह एक प्राकृतिक जलडमरूमध्य (narrow strait) है। यानी इसका “निर्माण” मानव द्वारा नहीं, बल्कि लाखों वर्षों में भूगर्भीय प्रक्रियाओं के कारण प्राकृतिक रूप से हुआ है।
यह मार्ग ईरान और ओमान के बीच स्थित है और फारस की खाड़ी को अरब सागर से जोड़ता है। इसे दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल परिवहन मार्गों में से एक माना जाता है, क्योंकि वैश्विक तेल आपूर्ति का बड़ा हिस्सा इसी रास्ते से होकर गुजरता है।
विशेषज्ञों के अनुसार, अगर इस मार्ग में किसी भी तरह की बाधा आती है, तो इसका असर अंतरराष्ट्रीय तेल कीमतों और वैश्विक व्यापार पर तुरंत दिखाई देता है।
इसी वजह से स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को वैश्विक अर्थव्यवस्था की “लाइफलाइन” भी कहा जाता है।
फिलहाल, इस क्षेत्र में तनाव और कथित बंदी की खबरों के बीच अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजरें लगातार स्थिति पर टिकी हुई हैं।