गणतंत्र दिवस से पहले नागौर में मिले विस्फोटक मामले की जांच एनआईए करेगी, आरोपी सुलेमान खान की तबीयत बिगड़ी
गणतंत्र दिवस से एक दिन पहले नागौर में भारी मात्रा में विस्फोटक मिलने के मामले ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है। इस मामले की जांच अब राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) करेगी। सूत्रों के अनुसार, एनआईए की टीम सोमवार की शाम अजमेर पहुंची, और आरोपी सुलेमान खान से नागौर में मिले विस्फोटक के संबंध में पूछताछ करेगी।
सुलेमान खान को पहले ही नागौर पुलिस ने अवैध विस्फोटक मामले में गिरफ्तार किया था। पूछताछ के दौरान उसकी तबीयत अचानक बिगड़ गई, जिसके बाद पुलिस ने उसे थांवला अस्पताल में भर्ती कराया। प्राथमिक जांच में पता चला कि उसका ब्लड प्रेशर काफी हाई था। अस्पताल के चिकित्सकों की निगरानी में उसकी हालत फिलहाल स्थिर है।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि एनआईए टीम सुलेमान खान और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की विस्तार से जांच करेगी। जांच का उद्देश्य केवल आरोपी की जिम्मेदारी तय करना नहीं है, बल्कि विस्फोटकों के स्रोत, वितरण नेटवर्क और सुरक्षा खतरों का भी पता लगाना है।
विशेषज्ञों का कहना है कि गणतंत्र दिवस जैसे राष्ट्रीय अवसरों के ठीक पहले विस्फोटक का मिलना सुरक्षा एजेंसियों के लिए गंभीर चिंता का विषय है। उन्होंने बताया कि इस तरह के मामलों में एनआईए जैसे केंद्रीय एजेंसियों की जांच जरूरी होती है, ताकि पूरे नेटवर्क का पता लगाया जा सके और भविष्य में किसी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
स्थानीय प्रशासन और पुलिस ने भी इस मामले में सख्त सुरक्षा और सतर्कता उपाय लागू कर दिए हैं। रेलवे स्टेशन, बस अड्डे और प्रमुख पब्लिक जगहों पर अतिरिक्त सुरक्षा तैनात की गई है। अधिकारियों ने कहा कि जनता की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और सभी संभावित खतरे को नजरअंदाज नहीं किया जाएगा।
एनआईए की टीम ने अजमेर में पूछताछ और जांच प्रक्रिया शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपी सुलेमान खान की स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए पूछताछ के दौरान आवश्यक चिकित्सकीय सहायता भी उपलब्ध रहेगी। जांच में यह भी पता लगाया जाएगा कि नागौर में विस्फोटक कैसे पहुंचा और इसका उद्देश्य क्या था।
पुलिस ने आश्वासन दिया है कि सुलेमान खान की गिरफ्तारी और एनआईए की जांच से मामले के सभी पहलुओं को उजागर किया जाएगा। उन्होंने कहा कि नागौर और आसपास के जिलों में किसी भी सुरक्षा जोखिम को रोकने के लिए सतर्कता बढ़ा दी गई है।
इस घटना ने स्पष्ट कर दिया है कि गणतंत्र दिवस जैसे राष्ट्रीय अवसरों पर सुरक्षा एजेंसियों की तैयारियों और सतर्कता कितनी महत्वपूर्ण होती है। एनआईए की जांच से न केवल आरोपी की जिम्मेदारी तय होगी, बल्कि देश की सुरक्षा और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में भी मदद मिलेगी।
इस प्रकार, नागौर में मिले विस्फोटक और सुलेमान खान की गिरफ्तारी राष्ट्रीय सुरक्षा के नजरिए से गंभीर मामला बन गई है। एनआईए की टीम की जांच पूरी होने के बाद ही इसके पूरे सुरक्षा और कानूनी पहलुओं पर प्रकाश डाला जा सकेगा।