माउंट आबू का नाम बदलकर ‘आबू राज’, पूरे राजस्थान में खुशी की लहर
राजस्थान के एकमात्र हिल स्टेशन माउंट आबू का नाम अब आधिकारिक रूप से ‘आबू राज’ कर दिया गया है। इस ऐतिहासिक घोषणा की जानकारी मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने आज राजस्थान विधानसभा में दी। उनके इस निर्णय के बाद सिरोही जिले सहित पूरे राज्य में उत्साह और खुशी का माहौल फैल गया है। स्थानीय लोग और पर्यटक दोनों ही इस बदलाव से रोमांचित नजर आ रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने विधानसभा में कहा कि माउंट आबू का यह नया नाम न केवल क्षेत्र की सांस्कृतिक और ऐतिहासिक पहचान को मजबूत करेगा, बल्कि पर्यटन को भी नई दिशा देगा। उन्होंने बताया कि ‘आबू राज’ नामकरण से क्षेत्र की गरिमा और पर्यावरणीय महत्व को भी बढ़ावा मिलेगा। उनके अनुसार, यह निर्णय स्थानीय जनता की भावनाओं और मांगों को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।
सिरोही जिले में इस खबर के फैलते ही लोग सड़कों पर उतर आए और एक-दूसरे को बधाई देने लगे। होटल, रेस्टोरेंट और पर्यटन स्थलों पर भी उत्साह का माहौल देखा गया। स्थानीय व्यवसायियों का कहना है कि नए नाम के साथ क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों में वृद्धि होगी और इससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।
पर्यावरणविद और स्थानीय इतिहासकार भी इस कदम की सराहना कर रहे हैं। उनका कहना है कि ‘आबू राज’ नाम न केवल पहाड़ी स्थल की शांति और प्राकृतिक सुंदरता को दर्शाता है, बल्कि यह क्षेत्र की गौरवपूर्ण इतिहास और संस्कृति की याद भी ताजा करता है। माउंट आबू लंबे समय से राजस्थान का प्रमुख पर्यटन केंद्र रहा है और अब इसे आधिकारिक तौर पर नया नाम मिलने से इसकी वैश्विक पहचान और भी मजबूत होगी।
राज्य सरकार ने यह भी बताया कि आने वाले महीनों में ‘आबू राज’ के नाम पर नई पर्यटन योजनाएं और सुविधाएं विकसित की जाएंगी। इसमें ट्रेकिंग पथ, हिल स्टेशन के आकर्षण स्थलों का संवर्धन और पर्यटकों के लिए आधुनिक सुविधाएं शामिल होंगी। स्थानीय प्रशासन का मानना है कि यह बदलाव न केवल पर्यटन को बढ़ावा देगा, बल्कि क्षेत्र में रोजगार और सामाजिक विकास के अवसर भी बढ़ाएगा।
स्थानीय निवासी और युवा इस फैसले को एक ऐतिहासिक पल मान रहे हैं। कई लोग सोशल मीडिया के माध्यम से अपनी खुशी और उत्साह व्यक्त कर रहे हैं। बच्चों और छात्रों ने भी नई पहचान के साथ आने वाले समय में क्षेत्र को पर्यटन और शिक्षा के क्षेत्र में विकसित करने की उम्मीद जताई।
इस तरह, माउंट आबू का नाम बदलकर ‘आबू राज’ करना न केवल एक प्रशासनिक निर्णय है, बल्कि यह राज्य की सांस्कृतिक पहचान, पर्यटन और स्थानीय विकास के लिए एक महत्वपूर्ण कदम भी साबित होगा। सिरोही जिले और आसपास के क्षेत्रों में अब यह नया नाम गर्व और उत्साह का प्रतीक बन गया है।