पश्चिमी विक्षोभ का असर, राजस्थान में 20 मार्च को आंधी-बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट
राजस्थान में पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है। मौसम विभाग ने 20 मार्च को राज्य के कई संभागों में मेघगर्जन के साथ तेज आंधी, बारिश और कहीं-कहीं ओलावृष्टि की संभावना जताई है। इसके चलते प्रदेश के विभिन्न जिलों में मौसम अस्थिर बना हुआ है और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के कारण उत्तर-पश्चिमी राजस्थान सहित कई हिस्सों में बादलों की आवाजाही बढ़ गई है। इससे तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है और दिन के समय भी मौसम सुहावना बना हुआ है। हालांकि, तेज हवाओं और गरज-चमक के साथ होने वाली बारिश से जनजीवन प्रभावित हो सकता है।
मौसम विभाग ने चेतावनी जारी करते हुए बताया है कि कुछ क्षेत्रों में तेज आंधी के साथ बिजली गिरने की भी संभावना है। ऐसे में लोगों को खुले स्थानों, पेड़ों के नीचे या ऊंची संरचनाओं के पास न जाने की सलाह दी गई है। किसानों को भी सलाह दी गई है कि वे अपनी फसलों को सुरक्षित स्थान पर रखें, ताकि ओलावृष्टि या तेज हवाओं से नुकसान से बचा जा सके।
राज्य के कई हिस्सों में पहले से ही बादल छाए हुए हैं और कुछ स्थानों पर हल्की बारिश के दौर भी शुरू हो चुके हैं। मौसम विभाग का अनुमान है कि यह स्थिति अगले 24 से 48 घंटों तक बनी रह सकती है। इसके बाद मौसम में धीरे-धीरे सुधार होने की संभावना है।
तेज हवाओं के चलते बिजली आपूर्ति और यातायात पर भी असर पड़ सकता है। प्रशासन ने संबंधित विभागों को अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए हैं, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके।
कुल मिलाकर, पश्चिमी विक्षोभ के असर से राजस्थान में मौसम ने एक बार फिर करवट ली है। जहां एक ओर तापमान में गिरावट से राहत मिली है, वहीं दूसरी ओर आंधी, बारिश और ओलावृष्टि की संभावना ने लोगों और किसानों की चिंता बढ़ा दी है। लोगों को मौसम विभाग की एडवाइजरी का पालन करने की अपील की गई है।