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राजस्थान में होटल, फास्ट फूड और ब्यूटी पार्लर सेवाएं होंगी महंगी, वीडियो में देंखे सरकार ने बढ़ाई 18 श्रेणियों की लाइसेंस फीस

 

राजस्थान में अब आम लोगों की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ सकता है। चाट-पकौड़ी, फास्ट फूड से लेकर होटल में ठहरने और ब्यूटी पार्लर जैसी सेवाएं महंगी होने की संभावना है। राज्य सरकार ने विभिन्न व्यवसायों से जुड़ी कुल 18 श्रेणियों में लाइसेंस फीस में बढ़ोतरी करने का फैसला किया है।सरकार के इस नए आदेश का सबसे ज्यादा असर छोटे और मध्यम स्तर के व्यवसायों पर पड़ने की उम्मीद है, खासकर उन लोगों पर जो बजट फ्रेंडली कैफे, कैंटीन और छोटे होटल जैसे कारोबार शुरू करने की योजना बना रहे हैं।

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नए नियमों के अनुसार, 50 कमरों तक के होटलों की लाइसेंस फीस अब बढ़ाकर 15 हजार से 25 हजार रुपये तक कर दी गई है। वहीं 100 से अधिक सीट क्षमता वाले एयर कंडीशन्ड रेस्टोरेंट्स के लिए लाइसेंस फीस 20 हजार से बढ़ाकर 30 हजार रुपये तक कर दी गई है।इसके अलावा, कैफे, कैंटीन, मिठाई की दुकान, बेकरी और कन्फेक्शनरी शॉप जैसे व्यवसायों की लाइसेंस फीस भी बढ़ा दी गई है, जो अब 3 से 5 हजार रुपये तक होगी। इस फैसले से छोटे व्यापारियों की शुरुआती लागत में बढ़ोतरी होगी।

चाट-पकौड़ी, डोसा और अन्य फास्ट फूड बेचने वाली मोबाइल वैन की लाइसेंस फीस भी 2 हजार रुपये से बढ़ाकर 3 हजार रुपये कर दी गई है। इससे सड़क किनारे फूड बिजनेस करने वाले छोटे विक्रेताओं पर भी असर पड़ेगा।नगरपालिका क्षेत्रों में जिम संचालन के लिए अब 3 हजार रुपये की लाइसेंस फीस तय की गई है, जबकि ब्यूटी पार्लर्स के लिए यह फीस 1 हजार रुपये से बढ़ाकर 2 हजार रुपये कर दी गई है।

सरकार का कहना है कि इन बदलावों का उद्देश्य प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करना और विभिन्न व्यवसायों से जुड़े नियमों को अपडेट करना है। हालांकि, व्यापारियों के बीच इस फैसले को लेकर मिश्रित प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। कुछ लोग इसे जरूरी कदम बता रहे हैं, जबकि छोटे कारोबारियों का कहना है कि इससे उनके मुनाफे पर सीधा असर पड़ेगा। फिलहाल यह देखना दिलचस्प होगा कि इस फैसले का असर राज्य के छोटे व्यवसायों और उपभोक्ताओं पर किस तरह पड़ता है, क्योंकि बढ़ी हुई लाइसेंस फीस अंततः सेवाओं की कीमतों में भी इजाफा कर सकती है।