×

भारी बारिश से पश्चिम रेलवे पर असर, पुल पर खतरे के निशान तक पहुंचा पानी; कई ट्रेनों का संचालन प्रभावित

 

लगातार हो रही भारी बारिश का असर अब रेल यातायात पर भी दिखाई देने लगा है। पश्चिम रेलवे के घोलवड़ और उमरगाम रोड रेलखंड के बीच स्थित पुल संख्या-203 पर पानी का स्तर खतरे के निशान तक पहुंचने के बाद रेलवे ने एहतियातन इस मार्ग पर ट्रेनों का संचालन अस्थायी रूप से रोक दिया है।

रेलवे अधिकारियों के अनुसार, यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए यह निर्णय लिया गया है। पुल पर जलस्तर बढ़ने के कारण ट्रेनों की आवाजाही रोक दी गई है, ताकि किसी भी तरह की दुर्घटना से बचा जा सके।

इस निर्णय का असर रतलाम रेल मंडल से होकर गुजरने वाली कई ट्रेनों पर पड़ा है। कई ट्रेनों को बीच रास्ते में रोका गया है, कुछ के मार्ग बदले गए हैं, जबकि कुछ ट्रेनों को रद्द या आंशिक रूप से निरस्त किया गया है। इससे यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।रेलवे की इंजीनियरिंग और तकनीकी टीमें लगातार पुल और ट्रैक की निगरानी कर रही हैं। जलस्तर सामान्य होने और ट्रैक की सुरक्षा सुनिश्चित होने के बाद ही ट्रेनों का संचालन दोबारा शुरू किया जाएगा।

रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि यात्रा पर निकलने से पहले अपनी ट्रेन का ताजा स्टेटस अवश्य जांच लें। स्टेशन पर भी प्रभावित ट्रेनों की जानकारी लगातार प्रसारित की जा रही है।मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिम भारत के कई इलाकों में भारी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। ऐसे में रेलवे और स्थानीय प्रशासन पूरी तरह सतर्क है और हालात पर लगातार नजर रखे हुए है।

यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए रेलवे ने सभी संबंधित अधिकारियों को अलर्ट पर रखा है। जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त इंतजाम भी किए जाएंगे, ताकि स्थिति सामान्य होने के बाद रेल सेवाओं को जल्द बहाल किया जा सके।फिलहाल पुल संख्या-203 पर जलस्तर कम होने का इंतजार किया जा रहा है। इसके बाद ट्रैक का निरीक्षण कर सुरक्षा मानकों की पुष्टि होने पर ही रेल परिचालन दोबारा शुरू किया जाएगा।