राजस्थान निकाय चुनाव में टिकट के लिए घमासान, वीडियो में जाने जयपुर में BJP को 2500 से ज्यादा आवेदन; अजमेर-कोटा में भी लंबी कतार
राजस्थान में आगामी निकाय चुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। नगर निकायों में पार्षद टिकट हासिल करने के लिए दावेदारों ने पूरी ताकत लगा दी है। टिकट फाइनल होने से पहले सिफारिशों का दौर भी जारी है। दूसरी ओर भाजपा और कांग्रेस ने अलग-अलग वार्डों से मिले आवेदन फॉर्म और बायोडाटा की छंटनी शुरू कर दी है। दोनों प्रमुख दलों की ओर से प्रत्येक वार्ड से संभावित तीन-तीन दावेदारों के नाम तय किए जाने की प्रक्रिया चल रही है। इसके बाद अंतिम निर्णय प्रदेश स्तर पर लिया जाएगा।
जयपुर में टिकट की सबसे ज्यादा होड़ देखने को मिल रही है। राजधानी के 150 वार्डों के लिए अकेले भाजपा में 2500 से अधिक कार्यकर्ताओं और आम लोगों ने पार्षद टिकट के लिए आवेदन किया है। इनमें करीब 1000 बायोडाटा महिलाओं के बताए जा रहे हैं। आवेदन की बड़ी संख्या ने पार्टी के स्थानीय नेताओं के सामने प्रत्याशी चयन को लेकर चुनौती खड़ी कर दी है।
हर वार्ड में 10 से 30 तक दावेदार
अजमेर में भी टिकट के लिए भाजपा और कांग्रेस के पास बड़ी संख्या में आवेदन पहुंचे हैं। शहर के 80 पार्षद पदों के लिए दोनों पार्टियों को एक-एक हजार से अधिक आवेदन मिलने की जानकारी सामने आई है। यानी औसतन प्रत्येक वार्ड में करीब 10 से 15 दावेदार मैदान में हैं। कुछ वार्ड ऐसे भी हैं, जहां टिकट के लिए आवेदन करने वालों की संख्या 20 से 30 तक पहुंच गई है।इतनी बड़ी संख्या में आवेदन आने के बाद पार्टी संगठन अब उम्मीदवारों की राजनीतिक सक्रियता, स्थानीय पकड़, जनसंपर्क और जीत की संभावनाओं जैसे पहलुओं को ध्यान में रखते हुए नामों की छंटनी कर रहा है।
कोटा में भी BJP-कांग्रेस में मुकाबला
कोटा में 100 पार्षद पदों के लिए भी दोनों प्रमुख दलों में टिकट के दावेदारों की लंबी कतार है। कांग्रेस के पास अब तक 550 से अधिक आवेदन पहुंच चुके हैं, जबकि भाजपा में 700 से अधिक लोगों ने टिकट के लिए आवेदन किया है।पार्टी नेताओं के सामने अब इन आवेदनों में से प्रत्येक वार्ड के लिए मजबूत उम्मीदवार चुनने की चुनौती है। स्थानीय समीकरण, जातीय संतुलन, संगठन में सक्रियता और चुनावी जीत की संभावना को टिकट वितरण में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
31 अगस्त तक आवेदन की आखिरी तारीख
जयपुर शहर भाजपा अध्यक्ष अमित गोयल के मुताबिक पार्षद टिकट के लिए आवेदन करने की अंतिम तारीख 31 अगस्त निर्धारित की गई है। उनका कहना है कि पार्टी स्तर पर आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद दावेदारों की छंटनी की जाएगी।संभावना जताई जा रही है कि अंतिम तारीख से दो से तीन दिन पहले संभावित प्रत्याशियों की सूची जारी की जा सकती है। हालांकि, पार्टी स्तर पर तैयार किए गए नामों पर अंतिम मुहर प्रदेश नेतृत्व लगाएगा।
टिकट वितरण से पहले दावेदारों की सक्रियता बढ़ने से स्थानीय राजनीति भी गर्म हो गई है। कई नेता और कार्यकर्ता अपने पक्ष में समर्थन जुटाने के लिए पार्टी के वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात कर रहे हैं। वहीं, संभावित उम्मीदवार अपने-अपने वार्डों में जनसंपर्क बढ़ाने में जुटे हैं।भाजपा और कांग्रेस दोनों के लिए टिकट वितरण बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि गलत उम्मीदवार का चयन पार्टी के चुनावी समीकरण को प्रभावित कर सकता है। ऐसे में दोनों दल आवेदन करने वाले दावेदारों में से सबसे मजबूत चेहरे को मैदान में उतारने की कोशिश कर रहे हैं।