×

कस्बे में बेसहारा सांड ने मचाई अफरा-तफरी, नागरिकों के लिए बनी परेशानी

 

कस्बे में बेसहारा पशुओं की समस्या लगातार नागरिकों के लिए चिंता का सबब बनी हुई है। बुधवार को शहर के मुख्य बाजार में स्थित एसबीआई शाखा के पास एक मकान की छत पर एक सांड चढ़ गया, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया। कुछ ही देर बाद यह सांड अचानक छत से नीचे छलांग लगा, जिससे आसपास जमा लोग डर और अफरा-तफरी में पड़ गए।

घटना के समय बाजार में काफी भीड़ थी। स्थानीय दुकानदारों और नागरिकों ने बताया कि सांड के अचानक छत पर चढ़ने और फिर नीचे कूदने से कई लोग चौंक गए और दौड़ने लगे। कुछ लोग इसकी तस्वीरें और वीडियो बनाने में व्यस्त हो गए, वहीं कई ने तत्काल पुलिस और पशु नियंत्रण विभाग को सूचना दी।

स्थानीय अधिकारियों ने बताया कि बेसहारा पशुओं की समस्या पूरे कस्बे में चिंताजनक रूप ले चुकी है। सड़क और सार्वजनिक स्थलों पर अक्सर सांड, गाय और अन्य बड़े जानवर घूमते रहते हैं, जिससे न केवल नागरिकों की सुरक्षा खतरे में पड़ती है बल्कि सड़क दुर्घटनाओं और संपत्ति को नुकसान होने का भी खतरा रहता है।

पशु नियंत्रण विभाग के अधिकारियों ने कहा कि वे नियमित तौर पर शहर में पेट्रोलिंग कर रहे हैं, लेकिन पर्याप्त संसाधनों और कर्मचारियों की कमी के कारण सभी इलाकों में तुरंत प्रतिक्रिया देना मुश्किल हो रहा है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि ऐसे मामले में तुरंत हेल्पलाइन नंबर या स्थानीय प्रशासन को सूचित करें ताकि पशु को सुरक्षित तरीके से पकड़कर उचित जगह भेजा जा सके।

स्थानीय लोगों ने भी इस घटना पर चिंता जताई। कई नागरिकों ने कहा कि बाजार और व्यस्त स्थानों पर बड़े जानवरों का घूमना सामान्य समस्या बन गई है, और प्रशासन को इसे गंभीरता से लेना चाहिए। कुछ लोगों ने सुझाव दिया कि कस्बे में बेसहारा पशुओं के लिए विशेष आश्रय स्थल और नियमित पेट्रोलिंग की व्यवस्था करनी चाहिए, ताकि ऐसी घटनाओं से सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

विशेषज्ञों का कहना है कि शहरी और कस्बाई इलाकों में बेसहारा पशुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है। इसके पीछे कारण अतिक्रमण, जंगलों की कमी और अनियंत्रित पशुपालन हैं। यदि समय रहते इनके लिए ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो भविष्य में नागरिकों की सुरक्षा और संपत्ति पर खतरा बढ़ सकता है।

अंततः, बुधवार की यह घटना कस्बे में बेसहारा पशुओं की समस्या की गंभीरता को उजागर करती है। एसबीआई शाखा के पास हुए इस सांड के हंगामे ने एक बार फिर प्रशासन और नागरिकों को चेतावनी दी है कि सुरक्षा उपायों और पशु नियंत्रण व्यवस्थाओं को सख्ती से लागू करना आवश्यक है।