डूंगरपुर नगर परिषद में BJP की सुशीला गुप्ता सभापति बनीं, कांग्रेस प्रत्याशी को 13 वोट से हराया
डूंगरपुर नगर परिषद में सभापति पद के चुनाव में भारतीय जनता पार्टी की सुशीला गुप्ता ने जीत दर्ज की है। उन्होंने कांग्रेस प्रत्याशी भरत नागदा को 13 वोट से हराया। चुनाव में सुशीला गुप्ता को 25 वोट मिले, जबकि कांग्रेस के भरत नागदा को 12 वोट प्राप्त हुए। वहीं, भारत आदिवासी पार्टी यानी बीएपी के तीन पार्षदों ने मतदान नहीं किया।
सुशीला गुप्ता की जीत के साथ डूंगरपुर नगर परिषद में भाजपा ने लगातार आठवीं बार बोर्ड बनाने का दावा कायम रखा है। परिणाम सामने आने के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों में उत्साह का माहौल है।
भाजपा प्रत्याशी को मिले 25 वोट
सभापति पद के चुनाव के लिए नगर परिषद में पार्षदों ने मतदान किया। मतगणना में भाजपा की सुशीला गुप्ता को 25 वोट मिले। वहीं कांग्रेस प्रत्याशी भरत नागदा के खाते में 12 वोट आए। दोनों के बीच 13 वोट का अंतर रहा।
बीएपी के तीन पार्षदों ने मतदान नहीं किया। इसके बाद चुनाव परिणाम में भाजपा प्रत्याशी की जीत हुई और उन्हें डूंगरपुर नगर परिषद का सभापति घोषित किया गया।
लगातार आठवीं बार भाजपा का बोर्ड
सुशीला गुप्ता की जीत के साथ डूंगरपुर नगर परिषद में भाजपा का बोर्ड लगातार आठवीं बार बनने की बात सामने आई है। स्थानीय निकाय की राजनीति में यह परिणाम भाजपा के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
चुनाव परिणाम के बाद भाजपा समर्थकों ने जीत का जश्न मनाया और नवनिर्वाचित सभापति को बधाई दी। वहीं कांग्रेस प्रत्याशी भरत नागदा को 12 वोट मिले।
अब शहर के विकास की जिम्मेदारी
सभापति पद संभालने के बाद सुशीला गुप्ता के सामने नगर परिषद क्षेत्र में विकास कार्यों को आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी होगी। शहर में सड़क, सफाई, जल निकासी, पेयजल, स्ट्रीट लाइट और अन्य नागरिक सुविधाओं से जुड़े मुद्दे परिषद के सामने प्रमुख रहेंगे।
डूंगरपुर नगर परिषद के चुनाव परिणाम के बाद अब परिषद में नई बोर्ड व्यवस्था के तहत कामकाज शुरू होगा। वहीं, बीएपी के तीन पार्षदों के मतदान नहीं करने की वजह को लेकर भी स्थानीय राजनीतिक हलकों में चर्चा है।