आगरा रेल मंडल में बिना टिकट यात्रियों पर सख्ती, फरवरी में 25,847 केस दर्ज
आगरा रेल मंडल में बिना टिकट यात्रा करने वालों के खिलाफ रेलवे प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए फरवरी माह में व्यापक चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान रेलवे की विभिन्न टीमों ने बिना टिकट यात्रा करने वाले यात्रियों के खिलाफ कुल 25 हजार 847 केस दर्ज किए और उनसे करीब 1.56 करोड़ रुपये की जुर्माना राशि वसूल की गई।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई मंडल रेल प्रबंधक गगन गोयल के निर्देशन में की गई। उनके निर्देश पर आगरा रेल मंडल के विभिन्न स्टेशनों और ट्रेनों में नियमित रूप से चेकिंग अभियान चलाया गया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य बिना टिकट यात्रा करने वालों पर अंकुश लगाना और रेलवे के राजस्व में होने वाले नुकसान को रोकना है।
फरवरी माह के दौरान टिकट चेकिंग स्टाफ, आरपीएफ और अन्य संबंधित कर्मचारियों की संयुक्त टीमों ने कई प्रमुख स्टेशनों के साथ-साथ ट्रेनों में भी लगातार जांच अभियान चलाया। चेकिंग के दौरान बड़ी संख्या में ऐसे यात्री पकड़े गए जो बिना टिकट यात्रा कर रहे थे या जिनके पास वैध टिकट नहीं था। इसके अलावा कुछ यात्री ऐसे भी पाए गए जो सामान्य टिकट लेकर आरक्षित कोच में यात्रा कर रहे थे।
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि बिना टिकट यात्रा करना न केवल नियमों का उल्लंघन है, बल्कि इससे रेलवे को आर्थिक नुकसान भी होता है। इसी को ध्यान में रखते हुए रेलवे प्रशासन समय-समय पर इस तरह के विशेष अभियान चलाता है। फरवरी में चलाए गए इस अभियान के दौरान कुल 25,847 मामलों में कार्रवाई की गई और संबंधित यात्रियों से जुर्माना वसूला गया।
रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे यात्रा करने से पहले हमेशा वैध टिकट लेकर ही सफर करें। बिना टिकट यात्रा करने पर न केवल जुर्माना भरना पड़ सकता है, बल्कि कुछ मामलों में कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है। अधिकारियों ने बताया कि भविष्य में भी इस तरह के चेकिंग अभियान लगातार जारी रहेंगे।
इसके अलावा रेलवे ने यात्रियों को ऑनलाइन टिकट बुकिंग, टिकट काउंटर और ऑटोमेटिक टिकट वेंडिंग मशीनों के माध्यम से टिकट लेने की सुविधा के बारे में भी जागरूक किया है। अधिकारियों का कहना है कि टिकट लेने की प्रक्रिया को पहले से अधिक आसान बनाया गया है, ताकि यात्रियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
रेलवे प्रशासन का मानना है कि इस तरह के अभियान से बिना टिकट यात्रा करने वालों पर नियंत्रण लगेगा और यात्रियों में नियमों के प्रति जागरूकता भी बढ़ेगी। वहीं रेलवे को होने वाले राजस्व नुकसान में भी कमी आएगी।
फिलहाल रेलवे विभाग ने स्पष्ट किया है कि आने वाले समय में भी बिना टिकट यात्रा करने वालों के खिलाफ इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी, ताकि रेलवे व्यवस्था को बेहतर और पारदर्शी बनाया जा सके।