झालावाड़ में होली के अवसर पर चौंकाने वाला हादसा, कोल्ड ड्रिंक भरी पिचकारी से 9 वर्षीय बच्चे की आंख झुलसी
होली के उत्सव से ठीक पहले झालावाड़ जिले में एक चौंकाने वाला और दुखद मामला सामने आया है। जिले में 9 वर्षीय एक बच्चे की आंख कोल्ड ड्रिंक भरी पिचकारी के चलते गंभीर रूप से झुलस गई। यह घटना होली की खुशियों के बीच बच्चे और उसके परिवार के लिए दुःख में बदल गई।
स्थानीय अस्पताल के डॉक्टरों ने बताया कि बच्चे की आंख की स्थिति गंभीर है और उसकी दृष्टि लगभग 50% तक प्रभावित हो गई है। चिकित्सकों ने कहा कि समय रहते इलाज और उचित देखभाल न मिलने पर आंख की स्थायी क्षति की आशंका भी है।
घटना के संबंध में परिवार ने बताया कि बच्चे के साथ खेलते समय यह हादसा हुआ। किसी ने पिचकारी में कोल्ड ड्रिंक भरी हुई थी, जो सीधे बच्चे की आंख में लग गई। इस अप्रत्याशित दुर्घटना ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया।
स्थानीय प्रशासन और पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। उन्होंने बच्चों और युवाओं को होली जैसे त्योहारों के दौरान सुरक्षित खेल और सावधानी बरतने की अपील की है। अधिकारियों ने कहा कि ऐसे हादसों से बचने के लिए विशेष रूप से रासायनिक या अशुद्ध पदार्थ वाली पिचकारियों और रंगों का उपयोग न किया जाए।
विशेषज्ञों का कहना है कि होली जैसे उत्सवों में बच्चों की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखना आवश्यक है। रंग और पानी के साथ खेलते समय माता-पिता और जिम्मेदार वयस्कों की सतर्कता जरूरी है। उन्होंने चेताया कि कोल्ड ड्रिंक, शराब या अन्य रसायनों से भरी पिचकारियों का इस्तेमाल खतरनाक हो सकता है और बच्चों की आंख और स्वास्थ्य के लिए गंभीर नुकसान पहुंचा सकता है।
इस घटना ने यह भी उजागर किया है कि त्योहारों में आनंद और मस्ती के बीच सुरक्षा उपायों की अनदेखी गंभीर परिणाम दे सकती है। परिवार और स्थानीय समाज अब बच्चे की देखभाल में जुटा है और चिकित्सक उसकी आंख की स्थिति पर निरंतर नजर रख रहे हैं।
झालावाड़ जिले में प्रशासन ने जनता से अपील की है कि त्योहार के दौरान सुरक्षित और जिम्मेदार तरीके से खेलें, ताकि बच्चों और आसपास के लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। साथ ही, पिचकारियों और रंगों के सुरक्षित उपयोग के लिए बाजार में उपलब्ध उत्पादों की जांच करने की भी सलाह दी गई है।
यह हादसा न केवल बच्चे और उसके परिवार के लिए दुखद है, बल्कि पूरे समाज के लिए सुरक्षा और सतर्कता की याद दिलाने वाला उदाहरण भी है।