अयोध्या से 800 किमी दूर सीकर में रिश्वत लेने पहुंचे 3 पुलिसकर्मी गिरफ्तार, 3 दिन रुके; 2.80 लाख लेकर जाते समय ACB ने दबोचा
उत्तर प्रदेश के अयोध्या से करीब 800 किलोमीटर दूर राजस्थान के सीकर में रिश्वत लेने पहुंचे तीन पुलिसकर्मियों को भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो यानी ACB ने गिरफ्तार किया है। आरोप है कि तीनों पुलिसकर्मी रिश्वत की रकम लेने के लिए सीकर पहुंचे थे और यहां करीब तीन दिन तक रुके। ACB ने उन्हें 2.80 लाख रुपए की रिश्वत लेकर वापस जाते समय पकड़ लिया।
कार्रवाई के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। ACB अब आरोपियों से पूछताछ कर रिश्वत की मांग और पूरे घटनाक्रम से जुड़े तथ्यों की जांच कर रही है।
रिश्वत लेने के लिए पहुंचे थे सीकर
जानकारी के अनुसार, आरोपी पुलिसकर्मी उत्तर प्रदेश के अयोध्या से सीकर पहुंचे थे। आरोप है कि वे एक मामले में रिश्वत की रकम लेने के लिए यहां आए थे। सीकर पहुंचने के बाद तीनों करीब तीन दिन तक रुके।
इसी दौरान रिश्वत की रकम का लेन-देन हुआ। शिकायत और सत्यापन की प्रक्रिया के बाद ACB ने आरोपियों को पकड़ने की योजना बनाई।
2.80 लाख रुपए लेकर लौट रहे थे
ACB की टीम ने कार्रवाई करते हुए तीनों पुलिसकर्मियों को 2.80 लाख रुपए की रिश्वत लेकर जाते समय पकड़ लिया। उनके कब्जे से रिश्वत की रकम बरामद की गई।
ACB ने आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। रिश्वत की रकम किस मामले में ली गई और इसकी मांग किस स्तर पर की गई थी, इसकी भी जांच की जा रही है।
अयोध्या से आए थे आरोपी
मामले में गिरफ्तार तीनों पुलिसकर्मी अयोध्या से सीकर पहुंचे थे। करीब 800 किलोमीटर की दूरी तय कर रिश्वत लेने आने की जानकारी सामने आने के बाद यह मामला चर्चा में है।
ACB अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपियों ने सीकर में किन लोगों से संपर्क किया और रिश्वत की रकम लेने की पूरी योजना कैसे बनाई गई।
ACB की कार्रवाई के बाद जांच तेज
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने आरोपियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई शुरू कर दी है। टीम उनके मोबाइल फोन, संपर्कों और अन्य साक्ष्यों की भी जांच कर सकती है।
ACB अधिकारियों का कहना है कि रिश्वतखोरी के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी है। इस मामले में भी जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
तीनों पुलिसकर्मियों की गिरफ्तारी के बाद अब यह जांच अहम होगी कि रिश्वत की मांग और वसूली के पीछे केवल इन तीनों की भूमिका थी या इसमें अन्य लोग भी शामिल थे। फिलहाल ACB मामले की विस्तृत जांच में जुटी है।