जयपुर में सड़क हादसा: अर्टिगा कार और कंटेनर की टक्कर में 3 की मौत, 7 घायल
राजस्थान की राजधानी जयपुर के चंदवाजी थाना इलाके में मंगलवार को एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ। जानकारी के अनुसार, बिलपुर मोड़ के पास एक अर्टिगा कार अचानक हाईवे पर खड़े कंटेनर से टकरा गई। इस टक्कर के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
हादसे में दो महिलाओं समेत तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि दो बच्चों समेत सात लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायल लोगों को तुरंत पास के अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत नाजुक बताई जा रही है।
पुलिस ने बताया कि हादसा संभवत: अचानक कंटेनर के सामने आने और ड्राइवर की नियंत्रण खोने की वजह से हुआ। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, कार में कुल दस लोग सवार थे। हादसे की सूचना मिलते ही चंदवाजी थाना पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और बचाव कार्य शुरू किया।
हादसे की वजह से हाईवे पर लंबा जाम लग गया, और पुलिस ने यातायात को नियंत्रित करने के लिए मार्ग बदलने की व्यवस्था की। स्थानीय लोगों ने भी घायलों की मदद करने में प्रशासन का सहयोग किया।
पुलिस ने कहा कि हादसे की पूरी जांच की जा रही है। ड्राइवर के थकान, तेज़ रफ्तार या शराब पीकर गाड़ी चलाने जैसी परिस्थितियों की जांच भी की जा रही है। पुलिस ने आश्वासन दिया कि दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
विशेषज्ञों का कहना है कि जयपुर में बढ़ते सड़क हादसों और तेज़ रफ्तार के कारण हर साल कई जानें जा रही हैं। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि हमेशा सुरक्षा नियमों का पालन करें और वाहन की गति नियंत्रित रखें, ताकि ऐसी घटनाओं से बचा जा सके।
स्थानीय अस्पतालों में पहुंचाए गए घायलों का इंतजार कर रहे परिजन तनाव में हैं। पुलिस ने घटना के तुरंत बाद मृतकों के परिवारों को सूचित कर दिया।
इस हादसे ने फिर से यह सवाल खड़ा कर दिया है कि सड़क सुरक्षा और हाईवे पर खड़े वाहनों की उचित चेतावनी पर ध्यान देना कितना जरूरी है। प्रशासन ने कहा कि हाईवे पर सुरक्षा संकेत और चेतावनी बोर्डों को मजबूत किया जाएगा, ताकि ऐसे हादसों की संभावना कम हो।
इस प्रकार, जयपुर के चंदवाजी इलाके में हुई यह घटना न केवल अफसोसजनक है, बल्कि यह सड़क सुरक्षा के महत्व को भी याद दिलाती है। प्रशासन और पुलिस की कोशिश है कि घायलों को जल्द उपचार और राहत मिल सके, और भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचाव के लिए सख्त कदम उठाए जाएं।