'कई खिड़कियों-बालकनी से कूदे, तो कुछ...' लखनऊ हादसे पर PM मोदी ने जताया दुःख, मृतकों-घायलों के लिए किया मुआवजे का एलान
सोमवार को लखनऊ के अलीगंज इलाके में एक एनिमेशन कोचिंग सेंटर में भीषण आग लग गई, जिसमें करीब 15 लोगों की मौत हो गई। इसके बाद बड़े पैमाने पर बचाव अभियान चलाया गया, जिसके दौरान इमारत से शव निकाले गए और घायल छात्रों को अस्पतालों में पहुंचाया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस घटना पर दुख व्यक्त करते हुए बयान जारी किया है। वहीं, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पुलिस महानिदेशक (DGP) को घटनास्थल का दौरा करने का निर्देश दिया है और अपने सभी निर्धारित कार्यक्रम रद्द कर दिए हैं।
पीएम मोदी ने क्या कहा?
प्रधानमंत्री कार्यालय के आधिकारिक X हैंडल से एक पोस्ट में कहा गया है, "उत्तर प्रदेश के लखनऊ में आग की घटना में हुई मौतों से गहरा दुख हुआ है। शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी संवेदनाएं। घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं। बचाव कार्य जारी है और अधिकारी हर संभव सहायता प्रदान कर रहे हैं। PMNRF से मृतकों के परिजनों को ₹2 लाख और घायलों को ₹50,000 दिए जाएंगे: पीएम मोदी।" आग ने बहुमंजिला इमारत के कुछ हिस्सों को अपनी चपेट में ले लिया, जिसमें एक लाइब्रेरी, एक कंप्यूटर प्रशिक्षण संस्थान, एक एनिमेशन सेंटर और एक पालतू जानवरों की दुकान थी। दमकल विभाग की टीम के घटनास्थल पर पहुंचने से पहले इमारत से धुएं के गुबार निकलते देखे गए।
छात्र इमारत से कूदे
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आपातकालीन टीमों के पहुंचने से पहले स्थानीय निवासियों ने कई छात्रों को बचाया। अफरातफरी के बीच, आग और धुएं से बचने के लिए कुछ छात्र पहली मंजिल से कूद गए, जिससे एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। स्थानीय निवासी अमन ने ANI को बताया, "जब हम घटनास्थल पर पहुंचे, तो हमने इमारत से घना धुआं निकलते देखा। हम पांच या छह लोगों को बचाने में कामयाब रहे। घबराहट में एक व्यक्ति इमारत से कूद गया और गंभीर रूप से घायल हो गया। कुछ लोग अभी भी अंदर फंसे हुए थे।" गौरतलब है कि आग लगने के बाद मची अफरातफरी के बीच कई छात्र खिड़कियों और बालकनियों से कूदे, जबकि अन्य छत से कूदे। खबरों के अनुसार, घायलों को गंभीर चोटें आई हैं।
आग कैसे लगी?
एक स्थानीय निवासी ने कहा कि आग शायद चिंगारी या शॉर्ट सर्किट के कारण लगी होगी। हालांकि, इस पर अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। निवासी ने कहा, "सात या आठ छात्र अपनी जान बचाने के लिए इमारत से कूदे।"