पंजाब में हमने खराब स्कूल भी दिखाए, फिर क्यों भड़क गए अभिजीत दीपके? सवाल पर दिया तीखा जवाब
कॉकरोच जनता पार्टी यानी CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके इन दिनों अपने ‘स्कूल ठीक करो’ अभियान को लेकर चर्चा में हैं। सरकारी स्कूलों की स्थिति को लेकर सवाल उठाने वाले दीपके ने अब ‘आदिवासी स्कूल ठीक करो’ अभियान शुरू करने का ऐलान किया है। इसी दौरान एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में उनसे स्कूलों को लेकर सवाल किया गया, जिस पर वह अचानक नाराज हो गए और तीखे अंदाज में जवाब दिया।
दरअसल, अभिजीत दीपके पर यह सवाल उठाया गया कि उनकी पार्टी जिन राज्यों में स्कूलों की स्थिति को लेकर अभियान चला रही है, उनमें से कई बीजेपी शासित राज्य हैं। सवाल के दौरान केरल में स्कूल गिरने की घटना का भी जिक्र किया गया। इस पर दीपके ने कहा कि उनकी टीम ने केवल बीजेपी शासित राज्यों के स्कूलों को निशाना नहीं बनाया है। उन्होंने दावा किया कि पंजाब में भी उनकी टीम ने स्कूलों की कमियां सामने रखी हैं।
‘हमने पंजाब में भी स्कूलों की हालत दिखाई’
दीपके ने कहा कि जहां भी स्कूलों की स्थिति खराब है, वहां की समस्याओं को सामने लाना उनकी मुहिम का हिस्सा है। उन्होंने पंजाब का उदाहरण देते हुए बताया कि उनकी टीम ने वहां भी स्कूलों का दौरा किया और कमियों को लेकर सवाल उठाए।
इससे पहले भी CJP की ओर से पंजाब, कर्नाटक और झारखंड में स्कूलों का निरीक्षण किए जाने की बात कही गई है। दीपके ने कहा था कि इन राज्यों में उनकी टीमों ने शिक्षा व्यवस्था से जुड़ी कमियों को संबंधित सरकारों के सामने रखा।
‘सारे मुद्दे हम ही उठाएं, विपक्ष क्या कर रहा?’
सवाल का जवाब देते हुए दीपके का गुस्सा उस समय और बढ़ गया, जब उन्होंने पूछा कि हर मुद्दा उठाने की जिम्मेदारी उनकी पार्टी की ही क्यों होनी चाहिए। उन्होंने सवाल किया कि विपक्षी दल क्या कर रहे हैं और क्या उन्हें सरकारी स्कूलों की स्थिति की चिंता नहीं है।
उन्होंने यह भी कहा कि उनकी पार्टी को बने अभी कुछ ही समय हुआ है और उससे देशभर के सभी मुद्दे उठाने की उम्मीद करना उचित नहीं है। उनके मुताबिक, जिस राज्य में स्कूलों से जुड़ी समस्या सामने आएगी, उनकी टीम वहां अपनी क्षमता के अनुसार मुद्दा उठाने की कोशिश करेगी।
अब आदिवासी स्कूलों पर फोकस
दीपके ने 17 सितंबर से महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में ‘आदिवासी स्कूल ठीक करो’ अभियान शुरू करने की घोषणा की है। इस अभियान के तहत आदिवासी क्षेत्रों के स्कूलों का दौरा कर वहां शिक्षकों की कमी, इमारत, शौचालय, पानी और अन्य बुनियादी सुविधाओं की स्थिति को सामने लाने की बात कही गई है।
इससे पहले CJP ने महाराष्ट्र से ‘स्कूल ठीक करो’ अभियान शुरू किया था। अभियान के दौरान टीम ने कई सरकारी स्कूलों का दौरा कर वहां की बुनियादी सुविधाओं पर सवाल उठाए थे। अब पार्टी ने आदिवासी इलाकों के स्कूलों को अभियान के केंद्र में रखने की बात कही है।
पंजाब के स्कूलों का उदाहरण देकर दीपके ने उन आरोपों का जवाब देने की कोशिश की कि उनकी मुहिम केवल चुनिंदा राज्यों तक सीमित है। वहीं, प्रेस कॉन्फ्रेंस में सवाल पर उनकी तीखी प्रतिक्रिया भी चर्चा में आ गई।