वर्ग-1 शिक्षक भर्ती 2023 पर सरकार का बड़ा फैसला, वेटिंग अभ्यर्थियों की बढ़ी चिंता; 2027 में होगी अगली भर्ती
राजस्थान में वर्ग-1 यानी उच्च माध्यमिक शिक्षक भर्ती 2023 को लेकर सरकार और नौकरी का इंतजार कर रहे वेटिंग अभ्यर्थियों के बीच तनातनी बढ़ती जा रही है। भर्ती प्रक्रिया में रिक्त पदों पर नियुक्ति की उम्मीद लगाए बैठे अभ्यर्थियों को सरकार की ओर से बड़ा झटका लगा है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि भर्ती का परिणाम घोषित होने के बाद विज्ञापित पदों की संख्या में बढ़ोतरी नहीं की जा सकती। ऐसे में वेटिंग लिस्ट में शामिल अभ्यर्थियों की उम्मीदों पर फिलहाल संकट के बादल मंडरा रहे हैं।
अभ्यर्थियों की ओर से लंबे समय से मांग की जा रही है कि भर्ती में खाली रह गए पदों को शामिल कर वेटिंग अभ्यर्थियों को नियुक्ति का मौका दिया जाए। अभ्यर्थियों का तर्क है कि कई पद विभिन्न कारणों से खाली रह गए हैं, ऐसे में योग्य अभ्यर्थियों को नियुक्ति देकर इन पदों को भरा जा सकता है। इसी मांग को लेकर वेटिंग शिक्षक लगातार सरकार से गुहार लगा रहे हैं।
वहीं सरकार ने भर्ती नियमों और विज्ञापित पदों की संख्या का हवाला देते हुए अपना रुख साफ कर दिया है। सरकार के मुताबिक परिणाम घोषित होने के बाद विज्ञापन में निर्धारित पदों की संख्या को बढ़ाना संभव नहीं है। ऐसे में मौजूदा भर्ती के जरिए अतिरिक्त पदों पर नियुक्ति देने की मांग को स्वीकार करना मुश्किल है।
सरकार की ओर से यह भी स्पष्ट किया गया है कि उच्च माध्यमिक शिक्षकों की अगली भर्ती वर्ष 2027 में आयोजित की जाएगी। इस घोषणा के बाद वेटिंग अभ्यर्थियों में निराशा बढ़ गई है। अभ्यर्थियों का कहना है कि उन्होंने भर्ती प्रक्रिया में शामिल होने के बाद नियुक्ति की उम्मीद लगाई थी, लेकिन अब उन्हें अगली भर्ती का इंतजार करना पड़ेगा।
वेटिंग अभ्यर्थियों का कहना है कि यदि विभाग में पद खाली हैं और योग्य अभ्यर्थी उपलब्ध हैं तो सरकार को नियुक्ति का रास्ता निकालना चाहिए। उनका दावा है कि खाली पदों को लंबे समय तक रिक्त रखने से स्कूलों में शिक्षकों की कमी बनी रहेगी और इसका सीधा असर विद्यार्थियों की पढ़ाई पर पड़ेगा।
इस पूरे मामले को लेकर अब सरकार और अभ्यर्थियों के बीच गतिरोध की स्थिति बन गई है। एक तरफ सरकार भर्ती नियमों और विज्ञापित पदों की सीमा को आधार बना रही है, वहीं दूसरी ओर अभ्यर्थी खाली पदों पर नियुक्ति की मांग पर अड़े हुए हैं।
अब वेटिंग अभ्यर्थियों की नजर सरकार के अगले कदम पर है। यदि सरकार अपने मौजूदा फैसले पर कायम रहती है तो 2023 भर्ती के वेटिंग अभ्यर्थियों को राहत के लिए अन्य विकल्प तलाशने पड़ सकते हैं। फिलहाल सबसे बड़ी चिंता यही है कि जिन अभ्यर्थियों ने लंबे समय से शिक्षक बनने का इंतजार किया है, उन्हें अब 2027 की अगली भर्ती तक इंतजार करना पड़ सकता है।