×

बंदूक तलाशने पहुंची पुलिस, ड्राइवर के घर मिले 3 करोड़ रुपए; नोट गिनने के लिए मंगानी पड़ी मशीन

 

सागर में बंदूक की तलाश में पहुंची पुलिस को एक ड्राइवर के घर से करीब 3 करोड़ रुपए नकद मिलने से हड़कंप मच गया। पुलिस टीम जब हथियार की तलाश में घर पहुंची तो वहां इतनी बड़ी मात्रा में नकदी मिली कि नोटों की गिनती के लिए मशीन मंगानी पड़ी। इतनी बड़ी रकम मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।

जानकारी के अनुसार, पुलिस एक मामले में बंदूक की तलाश करते हुए ड्राइवर के घर पहुंची थी। तलाशी के दौरान पुलिस को घर से बड़ी मात्रा में नकदी मिली। जब रकम को देखा गया तो पुलिसकर्मी भी हैरान रह गए। नोटों की संख्या इतनी अधिक थी कि उन्हें हाथ से गिनना संभव नहीं था। इसके बाद नोट गिनने की मशीन मंगाई गई।

तलाशी के दौरान बरामद रकम करीब 3 करोड़ रुपए बताई जा रही है। इतनी बड़ी नकदी मिलने के बाद पुलिस ने रकम के स्रोत की जानकारी जुटानी शुरू कर दी। घर के सदस्यों से पूछताछ की गई और नकदी से संबंधित दस्तावेजों के बारे में जानकारी मांगी गई।

परिजनों का कहना है कि यह रकम उनकी नहीं बल्कि एक PWD इंजीनियर की है। अब पुलिस इस दावे की भी जांच कर रही है कि इतनी बड़ी रकम ड्राइवर के घर तक कैसे पहुंची और इसका वास्तविक मालिक कौन है। पुलिस रकम के स्रोत और उसके इस्तेमाल की संभावित वजहों की पड़ताल कर रही है।

पुलिस जांच में यह भी महत्वपूर्ण है कि ड्राइवर के घर पर किसी दूसरे व्यक्ति की इतनी बड़ी रकम क्यों रखी गई थी। क्या यह रकम किसी काम के लिए रखी गई थी या इसके पीछे कोई अन्य कारण था, इसका पता जांच के बाद ही चलेगा।

पुलिस ने बरामद नकदी को सुरक्षित कब्जे में लेकर उसके संबंध में आवश्यक प्रक्रिया शुरू कर दी है। रकम से जुड़े दस्तावेज, बैंक लेनदेन और संबंधित लोगों की भूमिका की जांच की जा सकती है। यदि नकदी के संबंध में संतोषजनक दस्तावेज उपलब्ध नहीं होते हैं तो मामला और गंभीर हो सकता है।

बंदूक की तलाश से शुरू हुई पुलिस कार्रवाई के दौरान करोड़ों रुपए की नकदी मिलने से पूरा मामला चर्चा में आ गया है। अब पुलिस के सामने हथियार के साथ-साथ बरामद रकम के स्रोत की जांच भी अहम हो गई है।

फिलहाल करीब 3 करोड़ रुपए की नकदी मिलने के बाद पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। परिजनों द्वारा रकम को PWD इंजीनियर का बताए जाने की पुष्टि दस्तावेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर की जाएगी। जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा कि यह रकम किसकी थी और ड्राइवर के घर तक कैसे पहुंची।