अवैध खनन पर कार्रवाई में लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी: कलेक्टर, अधिकारियों को सख्त निर्देश
अवैध खनन को लेकर जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपना लिया है। कलेक्टर ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि अवैध खनन के मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों को सक्रिय होकर कार्रवाई करने और खनन गतिविधियों पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं।
कलेक्टर ने अधिकारियों के साथ आयोजित बैठक में जिले में चल रही अवैध खनन गतिविधियों की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने कहा कि प्राकृतिक संसाधनों का अवैध दोहन किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने खनिज विभाग, राजस्व और पुलिस अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि अवैध खनन से जहां एक ओर सरकार को राजस्व का नुकसान होता है, वहीं दूसरी ओर पर्यावरण और प्राकृतिक संसाधनों पर भी गंभीर प्रभाव पड़ता है। ऐसे मामलों में केवल औपचारिक कार्रवाई नहीं, बल्कि प्रभावी और निरंतर कार्रवाई की आवश्यकता है।
कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिले के ऐसे क्षेत्रों को चिन्हित किया जाए, जहां अवैध खनन की शिकायतें लगातार सामने आती हैं। इन स्थानों पर नियमित निरीक्षण कर अवैध गतिविधियों में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने यह भी कहा कि कार्रवाई के दौरान किसी भी प्रकार का दबाव या लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
बैठक में अधिकारियों ने अवैध खनन रोकने के लिए की जा रही कार्रवाई और भविष्य की रणनीति के बारे में जानकारी दी। प्रशासन की ओर से बताया गया कि अवैध परिवहन और खनन पर नजर रखने के लिए विशेष निगरानी व्यवस्था बनाई जा रही है। साथ ही शिकायत मिलने पर तत्काल जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
कलेक्टर ने आम लोगों से भी अपील की है कि यदि कहीं अवैध खनन या खनिजों के अवैध परिवहन की जानकारी मिलती है तो इसकी सूचना प्रशासन को दें। उन्होंने कहा कि जनभागीदारी से ही अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है।
प्रशासन के इस सख्त रुख के बाद अवैध खनन में शामिल लोगों में चिंता बढ़ गई है। अधिकारियों का कहना है कि जिले में कानून व्यवस्था और पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए आगे भी लगातार अभियान चलाकर अवैध खनन पर रोक लगाने की कार्रवाई जारी रहेगी।